पलायन कर रहे मजदूरों को बाबैन के सरकारी स्कूल में रोके स्थानीय प्रशासन : एडीजीपी अलोक राय

बाबैन, 30 मार्च (सुरेश अरोड़ा) : देश में जैसे-जैसे वैश्विक महामारी कोरोना के मामले बढ़ते जा रहे है वैसे-2 ही प्रदेशों की सरकारें व उच्च स्तरीय प्रशासनिक अमला अर्लट होता जा रहा है। सोमवार को अ बाला रेंज के एडीजीपी अलोक राय ने  बाबैन में लॉक डाउन की व्यवस्था का जायजा लिया तथा प्रवासी मजदूरों के लिए बनाए जाने वाले रैन-बसेरे के लिए बाबैन सरकारी स्कूल का निरीक्षण किया। इस मौके पर  पुलिस अधीक्षक आस्था मोदी, डीएसपी लाडवा भारत भूषण,  ड्यूटी मैजिस्टै्रट नायब तहसीलदार रूपिन्द्र सिंह, थाना प्रभारी रमेश चन्द उपस्थित रहे। एडीजीपी अलोक राय ने पुलिस अधिकारियों व डयूटी मैजिस्टे्रटों को यूपी, बिहार, मध्यप्रदेश, राजस्थान, नेपाल व दिल्ली की ओर पलायन करने वाले प्रवासी मजदूरों को लोकल स्तर पर ही रोकने के आदेश दिए। उन्होंने कहा कि देश-प्रदेश ही नहीं बल्कि समूचा विश्व आज भंयकर कोरोना माहामारी के नाजुक दौर से गुजर रहा है परन्तु पिछले दो दिनों से हरियाणा, पंजाब, चंडीगढ आदि राज्यों में मजदूरी के लिए मीलों, फैक्ट्रीयों, कोल्ड स्टोरों, अनाज मंडियों व खेतों में आए प्रवासी मजदूरों ने परिवारों सहित पलायन कर लॉक डाउन की व्यवस्था को तोड़ दिया हैं जिससे कोरोना बिमारी के पनपने का अंदेशा बढ़ गया है और जो भी व्यवस्थाएं सरकार व प्रशासन ने अब तक की थी उन पर बूरा प्रभाव पडा हैं। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय मंत्रीमडंल ने इस गंभीर विषय पर रविवार को एक विशेष बैठक करके सभी राज्य सरकारों को प्रवासी मजदूरों के पलायन पर स ख्ती से कार्रवाही करने का आदेश पारित किया है और इसी कारण से देश की सभी प्रदेश सरकारों ने अपने-अपने राज्यों की सभी सीमाऐं सील कर दी हैं ताकि कोई भी प्रवासी मजदूर किसी भी सुरत में अपने प्रतिष्ठान व अस्थायी ठिकानों से बाहर न निकले। एडीजीपी अलोक राय ने बाबैन में पुलिस अधीक्षक आस्था मोदी, डीएसपी लाडवा, थाना प्रभारी रमेश चन्द व डयूटी मैजिस्टै्रट रूपिन्द्र सिंह को आदेश दिए हैं कि सभी अधिकारी पलायन कर रहे मजदूरों को स ख्ती से रोकें। वहीं उन्होंने बाबैन क्षेत्र के प्रवासी मजदूरों के लिए बाबैन के स्थानीय प्रशासन को बाबैन के सरकारी स्कूल में रैन-बसेरा बनाने के आदेश दिए हैं और कहा कि इन रैन-बसेरे में पलायन करने वाले प्रवासी मजदूरों को रोके और जो मजदूर बाबैन क्षेत्र में लाडवा, शाहाबाद, बराडा या अन्य जगह से आता दिखाई दें तो उसको प्रशासन द्वारा बनाए गए इन रैन-बसेरे में ही ठहराएं। उन्होंने कहा कि रैन-बसेरों में रूकने वालों के लिए सरकारों ने खाने-पीने, सोने-बैठने, नहाने तथा लैटरिंग-बाथरूम व सभी मूलभूत सुविधाएं देने के लिए सभी जिला उपायुक्तों व प्रशासन के पास अलग से बजट भेज दिया हैं और अनेक सामाजिक व धार्मिक संस्थाएं भी इस मुहिम में जनसेवा करने के लिए आगे आ रही हैं। इसलिए सभी अधिकारी व कर्मचारी मिलकर सरकार की इस मुहिम पर ध्यान दें। उन्होंने कहा कि यदि कोई प्रवासी मजदूर पलायन करने की जिद्द करता है और स्थानीय प्रशासन द्वारा बनाए गए रैन-बसेरों में नहीं रूकता तो उसकी सूचना पुलिस को दें और पुलिस ऐसे पलायनकारीयों पर सख् ती करें और न माने तो चालान कर जेल में डालें। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि रैन-बसेरों में जनसुविधाओं का पर्याप्त ध्यान रखा जाए और जो भी अधिकारी व कर्मचारी इस मुहिम को गंभीरता से नहीं लेगा उस पर भी कार्रवाही की जाएगी।
बॉक्स :
थाना प्रभारी रमेश चन्द ने बाबैन क्षेत्र में पडने वाले सभी मील, फैक्ट्री, कोल्ड स्टोर मालिकों तथा खेत जिंमीदारों से आग्रह किया है उनके पास जितने भी प्रवासी मजदूर बिहार, यूपी, राजस्थान, नेपाल आदि राज्यों से मजदूरी के लिए आए हुए हैं उनको किसी भी सुरत में बाहर पलायन करने से रोकें ओर उनके खाने-पीने व रहने आदि की समुचित अपने-अपने प्रतिष्ठानों में ही करें जहां पर वे पहले रहते हों, ताकि कोई भी प्रवासी मजदूर पलायन न करें। उन्होंने कहा कि यदि कोई मालिक मजदूरों को इस आपदा की घडी में परेशान करेगा या पलायन आदि पर मजबूर करेगा तो उसके खिलाफ भी कार्रवाही होगी और जो मजदूर पलायन करने की जिद्द करता है मील, फैक्टरी व खेत मालिक उसकी सूचना स्थानीय पुलिस को दें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *