कैथल में 24 वर्षीय विवाहिता ने की आत्महत्या, सुसाइड नोट में सास-पति पर प्रताड़ना का आरोप

कैथल के पुंज मोहल्ले में 24 वर्षीय ज्योति ने शादी के 9 महीने बाद फंदा लगाकर आत्महत्या की। 2 पन्नों के दर्दनाक सुसाइड नोट में सास-पति पर 15 तोले सोना छीनने और दहेज प्रताड़ना के आरोप। पुलिस ने 5 पर दर्ज की FIR।
कैथल /10 अगस्त 2026 /अटल हिन्द न्यूज रिसोर्स ===
हरियाणा के कैथल शहर के पुंज मोहल्ले में एक दर्दनाक घटना ने पूरे इलाके को झकझोर दिया है। करीब 24 वर्षीय विवाहिता ज्योति ने आत्महत्या कर ली। घटना से पहले उन्होंने दो पेज का सुसाइड नोट लिखा, जिसमें पति समेत ससुराल पक्ष के कई सदस्यों पर दहेज की मांग को लेकर मानसिक और शारीरिक प्रताड़ना के आरोप लगाए गए हैं। परिजनों की शिकायत पर शहर थाना पुलिस ने पति सहित पांच लोगों के खिलाफ प्राथमिकी दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। एफएसएल टीम ने भी घटनास्थल से साक्ष्य जुटाए हैं।
पुलिस को मृतका के पास से दो पन्नों का एक बेहद भावुक और झकझोर देने वाला सुसाइड नोट मिला है। इसमें ज्योति ने अपने पति, सास, ससुर, ननद और ननदोई पर दहेज के लिए लगातार शारीरिक व मानसिक उत्पीड़न करने और उसकी जिंदगी बर्बाद करने का आरोप लगाया है। मृतका के मायके वालों की शिकायत और सुसाइड नोट के आधार पर पुलिस ने ससुराल पक्ष के 5 लोगों के खिलाफ संबंधित धाराओं के तहत प्राथमिकी (FIR) दर्ज कर जांच शुरू कर दी है।
9 महीने पहले हुई थी शादी, दान-दहेज के बाद भी बढ़ता गया लालच
पुलिस में दी गई शिकायत के अनुसार, जींद रोड क्षेत्र के रहने वाले ज्योति के मामा बजरंग राज ने बताया कि ज्योति की शादी नवंबर 2025 में कैथल के रैली गोदाम निवासी नवीन बंसल पुत्र रामकुमार बंसल के साथ हुई थी। परिजनों का कहना है कि उन्होंने अपनी सामर्थ्य से बढ़कर शादी में दान-दहेज, सोने-चांदी के आभूषण और नकदी दी थी।
शादी के कुछ ही हफ्तों बाद से ससुराल वालों की नीयत में खोट आने लगी। पति नवीन, सास और ससुर ने कम दहेज लाने का ताना देकर ज्योति का उत्पीड़न शुरू कर दिया। परिजनों का आरोप है कि सास अक्सर उसे मायके से और पैसे व कीमती सामान लाने के लिए उकसाती थी और इनकार करने पर उसके साथ मारपीट की जाती थी।
"मेरी सास का पेट नहीं भरा, 15 तोले सोना भी छीन लिया" – सुसाइड नोट के दर्दनाक अंश
घटनास्थल से बरामद दो पन्नों के सुसाइड नोट में ज्योति ने अपनी आपबीती लिखी है। सुसाइड नोट के शब्द किसी भी संवेदनशील दिल को दहला देने वाले हैं:
"मैं ज्योति यह कहना चाहती हूं कि मेरी मौत का कारण सिर्फ और सिर्फ मेरे ससुराल वाले हैं। जिस दिन से मेरी शादी हुई है, तब से मेरी सास मुझे दहेज और लेन-देन के लिए रोज ताने दिया करती थी। मेरी मां ने अपनी हैसियत से ज्यादा उन्हें सब कुछ दिया, फिर भी मेरी सास का पेट नहीं भरा। वे रोज मेरे साथ झगड़ा करती थीं। मेरा 15 तोले सोना और चांदी के सारे सिक्के भी उन्होंने छीन लिए।
पति की दूसरी शादी कराने के चक्कर में उन्होंने मेरी पूरी जिंदगी बर्बाद कर दी। मेरी सास ने मुझ पर बहुत अत्याचार किए हैं। मेरी मां के पास जो कुछ भी था, उन्होंने सब मेरी शादी में खर्च कर दिया था। अब मैं अपनी मां और भाभी पर और बोझ नहीं बनना चाहती, इसलिए अपनी जान देकर जा रही हूं..."
सुसाइड नोट से यह स्पष्ट होता है कि ससुराल वाले ज्योति को प्रताड़ित कर घर से निकालना चाहते थे ताकि पति की दूसरी शादी करवाकर फिर से भारी दहेज हासिल किया जा सके।
FSL टीम ने जुटाए वैज्ञानिक साक्ष्य, पुलिस ने दर्ज किया मामला
घटना की जानकारी मिलते ही शहर थाना पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंची। मामले की गंभीरता को देखते हुए फॉरेंसिक (FSL) विशेषज्ञ टीम को भी घटनास्थल पर बुलाया गया। फिंगरप्रिंट विशेषज्ञों और एफएसएल अधिकारियों ने उस कमरे से महत्वपूर्ण साक्ष्य, फिंगरप्रिंट और सुसाइड नोट को अपने कब्जे में लिया।
शहर थाना प्रभारी के अनुसार, मृतका के मामा बजरंग राज के बयानों और सुसाइड नोट के आधार पर पति नवीन बंसल, सास, ससुर रामकुमार, ननद और ननदोई सहित कुल 5 नामजद आरोपियों के खिलाफ भारतीय न्याय संहिता (BNS) की सुसंगत धाराओं—जैसे दहेज हत्या/आत्महत्या के लिए उकसाना (Abetment to Suicide) और दहेज उत्पीड़न के तहत केस दर्ज कर लिया गया है।
परिजनों का हंगामा और त्वरित गिरफ्तारी की मांग
इस दुखद घटना के बाद से मृतका की मां, भाभी और अन्य परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल है। नागरिक अस्पताल के शवगृह (Mortuary) के बाहर एकत्र हुए परिजनों ने आरोपियों की जल्द से जल्द गिरफ्तारी की मांग को लेकर रोष जताया।
मामा बजरंग राज और मायके पक्ष के अन्य लोगों का कहना है कि जब तक पुलिस सभी नामजद 5 आरोपियों को गिरफ्तार नहीं करती, वे शांत नहीं बैठेंगे। परिजनों का आरोप है कि यह महज आत्महत्या नहीं, बल्कि ससुराल वालों द्वारा रचा गया एक ऐसा मानसिक षड्यंत्र है जिसने एक हंसती-खेलती बेटी को जान देने पर मजबूर कर दिया।
प्रशासन और पुलिस का रुख
पुलिस अधिकारियों ने मायके पक्ष को आश्वासन दिया है कि मामले की पूरी निष्पक्षता और वैज्ञानिक आधार पर जांच की जा रही है। सुसाइड नोट की लिखावट (Handwriting) के मिलान के लिए उसे हैंडराइटिंग एक्सपर्ट के पास भेजा जाएगा। पुलिस ने दबिश देनी शुरू कर दी है और दावा किया है कि फरार आरोपियों को जल्द ही सलाखों के पीछे भेजा जाएगा।
दहेज रूपी सामाजिक कुरीति पर उठते सवाल
कैथल की यह घटना एक बार फिर हमारी सामाजिक व्यवस्था और दहेज प्रथा के खौफनाक चेहरे को उजागर करती है। कड़े कानूनों के बावजूद, दहेज के लोभ में बेटियों को प्रताड़ित करने और उन्हें मौत के मुंह में धकेलने के मामले लगातार सामने आ रहे हैं। 24 साल की ज्योति, जो अपने नए जीवन के सपने बुन रही थी, शादी के महज 9 महीने के भीतर दहेज रूपी दानव की भेंट चढ़ गई।