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चैत्र चौदस मेला रद्द , प्रशासन के इंतजाम से महामारी से बचने की लोगों को बनी उम्मीद

चैत्र चौदस मेला रद्द ,
प्रशासन के इंतजाम से महामारी से बचने की लोगों को बनी उम्मीद

पिहोवा 19 मार्च (अटल हिन्द/पृथ्वी सिंह):-
एसडीएम पिहोवा के प्रयासों से कोरोना महामारी से बचने के लिए किए जा रहे प्रयासों से स्थानीय लोगों को उम्मीद बनी हुई है और स्थानीय  प्रशासन कोरोना महामारी से बचने के लिए किसी प्रकार की कोई कोर कसर नहीं छोडऩा चाहता और एहतियात के तौर पर सख्ती बरती जा रही है ताकि लोगों के बीच इस महामारी का प्रकोप ना फैल सके। स्थानीय प्रशासन को प्रयासों की सराहना भी की जा रही है क्योंकि एहतियात से ही इस महामारी से बचने का उपाय है । प्रशासन इतना चौकस है कि बाहरी यात्रियों की भनक मिलते ही बिना देरी किए मौके पर पहुंच रहा है और यात्रियों को जागरूक कर उन्हे वापिस भेजा ज रहा है। किोरोना वायरस को लेकर प्रशासन द्वारा चत्र चौदस मेले को रद्द कर दिया गया है, क्योंकि सरकार कोरोना जैसी महामारी को लेकर स्वास्थय के मामले में कोई ढील नहीं देना चाहती है, जिसका खामियाना हल्कावासियों को भुगतना पड़ जाये। मेले के रद्द होने के बावजूद कुछ लोगों का सरस्वती ताीर्थ पर आना अभी भी जारी है। जब पिहोवा पहुंचकर उन्हे पता चलता है कि मेला रद्द कर दिया गया है तो उन्हे भारी निराशा का सामना करना पड़ रहा है, उन्हे बिना कर्मकांड वापिस जाना पड़ रहा है। एक तरफ बाहर से आने वाले यात्रियों की श्रद्धा तो दूसरी ओर कोरोना वायरस से बचने के लिए स्थानीय प्रशासन की सख्ती अब यात्री जायें तो कहां जायें। लोगों में धारणा व्याप्त है कि पिहोवा तीर्थ पर मृतक का पिण्डदान करवाने से मृतक को मोक्ष मिलता है और इसी धारणा व श्रद्धा को लेकर हरियाणा राज्य के अलावा दिल्ली, राजस्थान,पंजाब व हिमाचल आदि कई राज्यों से यात्री पिहोवा स्थित सरस्वती तीर्थ पर आते हैं । लेकिन अब की बार उन्हे पिहोवा पहुंचने से घोर निराशा का सामना करना पड़ रहा है, क्योंकि प्रशासन की ओर से सख्त हिदायत है कि सरस्वती तीर्थ पर पिण्डदान नहीं करवा सकते और अगर करवाया तो कानूनी कार्यवाही की जाएगी। सुत्रों से मिली जानकारी अनुसार बीती रात बाहर से अपने वाहनों में आये यात्रियों को प्रशासन द्वारा सख्त हिदायत देकर वापिस भी भेज दिया गया है। प्रशासन इंतजाम में किसी प्रकार की ढील नहीं रखना चाहता । एहतियात को देखते हुए प्रशासन की ओर से शहर में खड़ी रेहडिय़ों को हटवाया जा रहा है और मेले में आये दूकानदारों को भी वापिस भेजा जा रहा है। काबिलेगौर है कि पिहोवा  सरस्वती तीर्थ पर कर्मकांड करवाने वाले लोगों का हर रोज आगमन होता है और सरस्वती तीर्थ पर ही बैठकर यात्री कर्मकांड करवाते हैं। लेकिन कोरोना वायरस कें कारण प्रशासन दो दिन से किसी भी यात्री को तीर्थ पर कर्मकांड नहीं करने दे रहा है। तमाम होटल,धर्मशाला आदि में किसी भी बाहरी व्यक्ति का रहना बिलकुल मनाही है और प्रशासन से सख्त हिदायत दी है कि यदि कोई भी दूकानदार या होटल, धर्मशाला संचालक किसी प्रकार की सरकारी आदेशों की अनदेखी करता है तो उसके खिलाफ विभागीय कार्यवाही की जाएगी।

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