CJP प्रोटेस्ट में गई तो घर पहुंची CID, AAP नेत्री अभिता द्विजा का आरोप

सीआईडी कार्रवाई से विवाद: आम आदमी पार्टी नेत्री अभिता द्विजा ने सरकार पर उठाए गंभीर सवाल
हरियाणा की राजनीति में एक बार फिर आम आदमी पार्टी (AAP) और सरकार के बीच तल्खी बढ़ती नजर आ रही है। आम आदमी पार्टी की जिला अध्यक्ष अभिता द्विजा ने राज्य की गुप्तचर शाखा (CID) पर बेहद गंभीर और चौंकाने वाले आरोप लगाए हैं। अभिता का कहना है कि संयुक्त किसान मोर्चा (CJP) के प्रोटेस्ट और 'स्कूल ठीक करो' आंदोलन में सक्रिय भूमिका निभाने के बाद पुलिस और खुफिया विभाग के लोग अचानक उनके घर पहुंच गए। इस घटना के बाद से स्थानीय स्तर पर राजनीतिक सरगर्मियां तेज हो गई हैं।
झज्जर/13 सितंबर 2026 /अटल हिन्द न्यूज रिसोर्स
हरियाणा के झज्जर जिले की आम आदमी पार्टी की जिला अध्यक्ष अभिता द्विजा ने एक बड़ा आरोप लगाया है। उन्होंने कहा कि कॉकरोच जनता पार्टी यानी CJP के प्रोटेस्ट में शामिल होने और ‘स्कूल ठीक करो’ मूवमेंट से जुड़ने के बाद उनके घर CID के लोग पहुंच गए।
अभिता के मुताबिक CID वालों ने उन्हें एक फॉर्म दिया और भरने को कहा। फॉर्म में कई तरह की निजी और राजनीतिक जानकारी मांगी गई थी। इसमें उनकी प्रॉपर्टी का ब्योरा, परिवार में किसी के पास सरकारी नौकरी है या नहीं, उनकी खूबियां और कमियां, समर्थक कौन हैं, विरोधी कौन हैं, जैसी बातें शामिल थीं।
उन्होंने बताया कि फॉर्म में नाम, पिता का नाम, परिवार की डिटेल, मोबाइल नंबर, विधानसभा क्षेत्र, राजनीतिक करियर, संगठन और पद, वोटरों पर पकड़, सोशल मीडिया गतिविधियां और आपराधिक पृष्ठभूमि से जुड़े कॉलम भी थे। अभिता का कहना है कि उन्होंने कोई अपराध नहीं किया। फिर भी उनसे इतनी डिटेल मांगी गई।
अभिता द्विजा ने दावा किया कि CJP प्रोटेस्ट में जाने और स्कूल ठीक करो अभियान का समर्थन करने के बाद भाजपा सरकार ने उनकी निगरानी शुरू कर दी। उन्होंने कहा कि CID राजनीतिक प्रोफाइलिंग कर रही है। यह सब भाजपा के कहने पर हो रहा है।

CJP यानी कॉकरोच जनता पार्टी एक युवा समूह है। यह मुख्य रूप से परीक्षाओं में गड़बड़ी और शिक्षा व्यवस्था के मुद्दों पर प्रदर्शन करता रहा है। जंतर मंतर पर लंबे समय तक धरना चला था। बाद में अभिजीत दीपके ने ‘स्कूल ठीक करो’ अभियान शुरू किया। इसमें सरकारी स्कूलों की हालत चेक करने और सुधार की मांग की जा रही है।
अभिता द्विजा ने कहा कि वे इन दोनों गतिविधियों से जुड़ीं। इसके बाद ही घर पर CID पहुंची। उन्होंने कोई अपराध नहीं किया, सिर्फ प्रदर्शन और मूवमेंट में हिस्सा लिया। फिर भी उनसे इतनी निजी जानकारी मांगी गई।
AAP ने इस आरोप को गंभीर बताया है। पार्टी का कहना है कि विपक्षी नेताओं पर दबाव बनाने की कोशिश हो रही है। हरियाणा में भाजपा की सरकार है। विपक्ष अक्सर आरोप लगाता रहता है कि सरकार असहमति रखने वालों पर नजर रखती है।
अभिता द्विजा झज्जर की AAP जिला अध्यक्ष हैं। उन्होंने स्थानीय स्तर पर पार्टी का काम संभाला है। स्कूल ठीक करो मूवमेंट शिक्षा व्यवस्था सुधारने की मांग करता है। सरकारी स्कूलों में बुनियादी सुविधाओं की कमी का मुद्दा उठाया जाता है।
CID द्वारा फॉर्म भरवाने की बात सामने आने के बाद राजनीतिक हलकों में चर्चा शुरू हो गई है। कुछ लोग इसे सामान्य प्रक्रिया बताते हैं तो कुछ इसे निगरानी का तरीका मानते हैं। अभिता ने साफ कहा कि वे निर्दोष हैं और कोई जुर्म नहीं किया।
घटना झज्जर में हुई। अभिता ने मीडिया से बात करते हुए पूरा ब्योरा दिया। उन्होंने फॉर्म की जानकारी भी साझा की। इसमें राजनीतिक और सामाजिक सक्रियता से जुड़े सवाल थे। समर्थकों और विरोधियों की लिस्ट भी मांगी गई थी।
यह आरोप 13-14 सितंबर 2026 के आसपास सामने आया। अभी तक CID या सरकार की तरफ से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सार्वजनिक रूप से नहीं आई है। AAP इसे राजनीतिक बदले की कार्रवाई बता रही है।
अभिता द्विजा का आरोप है कि प्रदर्शन में शामिल होना उनका लोकतांत्रिक अधिकार था। इसके बावजूद घर पर पहुंचकर डिटेल मांगी गई। उन्होंने कहा कि यह तरीका सही नहीं है। आम नागरिक या नेता से इस तरह की जानकारी लेना दबाव बनाने जैसा लगता है।
स्कूल ठीक करो मूवमेंट में कई जगहों पर स्कूलों का ऑडिट किया जा रहा है। इसमें पानी, शौचालय, बेंच, शिक्षक की कमी जैसे मुद्दे उठाए जाते हैं। CJP प्रोटेस्ट पहले परीक्षा लीक और शिक्षा मंत्री के इस्तीफे की मांग को लेकर चला था।
अभिता ने इन दोनों से जुड़ने के बाद यह अनुभव बताया। उनके अनुसार CID ने फॉर्म भरवाकर ले लिया। इसमें खूबियों-कमियों जैसे व्यक्तिगत सवाल भी थे। समर्थक और विरोधी की जानकारी मांगी जाना राजनीतिक प्रोफाइलिंग लगता है।
AAP के अन्य नेता भी इस मामले पर बोल रहे हैं। वे कहते हैं कि हरियाणा में विपक्ष पर इस तरह की कार्रवाई हो रही है। भाजपा सरकार इन आरोपों से इनकार करती रही है। लेकिन इस मामले में अभी कोई स्पष्ट जवाब नहीं आया।
अभिता द्विजा ने जोर देकर कहा कि उन्होंने कोई अपराध नहीं किया। सिर्फ प्रोटेस्ट और मूवमेंट में हिस्सा लिया। फिर भी घर पर CID आना और इतनी डिटेल मांगना उन्हें समझ नहीं आया। वे इसे निगरानी की शुरुआत मानती हैं।
यह मामला राजनीतिक चर्चा का विषय बन गया है। कुछ लोग इसे सामान्य इंटेलिजेंस काम बताते हैं तो कुछ लोकतंत्र पर सवाल उठाते हैं। अभिता का आरोप है कि भाजपा के इशारे पर यह सब हो रहा है।
अभी स्थिति यही है कि आरोप लग चुका है। फॉर्म की डिटेल सामने आ चुकी है। आगे CID या प्रशासन की तरफ से कोई बयान आता है या नहीं, यह देखने वाली बात है। AAP नेत्री अपने आरोप पर कायम हैं।
हरियाणा की राजनीति में ऐसे आरोप-प्रत्यारोप आम हैं। लेकिन इस बार सीधे CID के घर पहुंचने और फॉर्म भरवाने की बात कही गई है। अभिता द्विजा ने इसे बड़े स्तर पर उठाया है। उनके अनुसार यह राजनीतिक सक्रियता के खिलाफ कार्रवाई है।
स्कूल ठीक करो और CJP जैसे अभियान युवाओं और शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर चल रहे हैं। इनमें शामिल होने वाले नेताओं पर नजर रखने के आरोप पहले भी लगते रहे हैं। अभिता का केस इनमें नया उदाहरण बन गया है।
वे कहती हैं कि प्रॉपर्टी, सरकारी नौकरी, खूबियां-कमियां जैसी बातें अपराध से जुड़ी नहीं हैं। फिर भी मांगी गईं। समर्थक-विरोधी की लिस्ट मांगना राजनीतिक निगरानी जैसा लगता है।
अभी मामला आरोप के स्तर पर है। कोई आधिकारिक पुष्टि या खंडन सामने नहीं आया। अभिता द्विजा अपने बयान पर अड़ी हुई हैं। AAP इसे सरकार की दमनकारी नीति बता रही है।
यह घटना झज्जर से जुड़ी है। स्थानीय स्तर पर चर्चा हो रही है। आगे क्या होता है, यह समय बताएगा। फिलहाल अभिता का आरोप है कि CJP प्रोटेस्ट और स्कूल मूवमेंट में जाने के बाद CID घर पहुंची और फॉर्म भरने को कहा।