अजमेर में जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए 150 करोड़ रुपये मंजूर, मास्टर ड्रेनेज प्लान के तहत होंगे विकास कार्य

अजमेर शहर की जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान के लिए राज्य सरकार ने 150 करोड़ रूपए की मंजूरी दी है। विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी के निर्देश पर नगर निगम ने अजमेर ड्रेनेज प्लान के लिए 400 करोड़ रूपए के प्रस्ताव बनाए थे, जिसके पहले चरण के तहत वित्त विभाग ने 150 करोड़ रूपए की मंजूरी जारी की है। अजमेर शहर की जलभराव की समस्या के स्थायी समाधान की दिशा में यह महत्वपूर्ण कदम उठाया गया है।
मास्टर ड्रेनेज प्लान के प्रथम और द्वितीय चरण के कार्य
प्रमुख शासन सचिव, वित्त विभाग की अध्यक्षता में हुई बैठक में अजमेर शहर के लिए प्रस्तावित मास्टर ड्रेनेज प्लान के प्रथम चरण के कार्यों के लिए कुल 150 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है। मास्टर ड्रेनेज प्लान के प्रथम चरण के कार्य अजमेर शहर की टोपोग्राफी को ध्यान में रखते हुए आनासागर झील के ओवरफ्लो एवं वर्षा जल से उत्पन्न होने वाले जलभराव के स्थायी निराकरण पर केंद्रित हैं। द्वितीय चरण में एस्कैप चैनल की जल वहन क्षमता बढ़ाने से संबंधित कार्य प्रस्तावित हैं।
जल निकासी व्यवस्था सुधारने के लिए प्रमुख कार्य
प्रथम चरण में जलभराव वाले क्षेत्रों में पर्याप्त स्ट्रॉम वाटर ड्रेनेज प्रणाली विकसित की जाएगी। इसके तहत वार्ड संख्या 68 बजरंगगढ़ स्थित पुलिया, वार्ड संख्या 67 ब्रह्मपुरी क्षेत्र, वार्ड संख्या 71 सागर विहार कॉलोनी, वार्ड संख्या 64 पुलिस लाइन ग्राउंड, वार्ड संख्या 72 आजाद पार्क, और जेएलएन अस्पताल सहित विभिन्न क्षेत्रों में नए नालों, पंप स्टेशनों और एस्कैप चैनलों का निर्माण कार्य किया जाएगा। इन प्रमुख कार्यों से वर्षा के दौरान होने वाले जलभराव की समस्या का स्थायी समाधान सुनिश्चित होगा।