तरावड़ी में अनिरुद्ध आचार्य जी महाराज की श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन, 1100 कलश यात्रा के साथ होगा भव्य शुभारंभ

अनिरुद्ध आचार्य जी की कथा में आने वाले श्रद्धालुओं की मेहमान नवाजी के लिए तैयार है तरावड़ी : रमेश गुप्ता
बोले : 1100 कलश की शोभायात्रा व कथा से धर्ममय होगा शहर, श्रद्धालुओं को नहीं आने दी जाएगी किसी प्रकार की परेशानी
रोहित लामसर /तरावड़ी /31 अगस्त 2026 /अटल हिन्द न्यूज रिसोर्स
तरावड़ी शहर में विश्व विख्यात कथावाचक अनिरुद्ध आचार्य जी महाराज के सान्निध्य में एक भव्य श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन किया जा रहा है। इस धार्मिक आयोजन को लेकर शहर में तैयारियां अंतिम चरण में पहुंच गई हैं और पूरा शहर भक्तिमय होने के लिए तैयार है।
- 5 से 11 सितंबर तक नई अनाज मंडी तरावड़ी में कथा का आयोजन होगा।
- कथा का शुभारंभ 5 सितंबर को 1100 महिलाओं की भव्य कलश यात्रा के साथ होगा।
- श्रद्धालुओं की मेहमाननवाजी के लिए शहरवासियों और आयोजकों ने विशेष व्यवस्थाएं की हैं।
श्रीमद्भागवत कथा की तैयारियां और बैठक
विश्व विख्यात संत अनिरुद्ध आचार्य जी महाराज की वाणी का रसपान करने के लिए शिव शक्ति इंटर ग्लोब एक्सपोर्ट प्राइवेट लिमिटेड की ओर से एक विशेष बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में सामाजिक एवं धार्मिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों ने भाग लिया। बैठक का मुख्य उद्देश्य कथा को सफल और ऐतिहासिक बनाने के लिए व्यवस्थाओं पर विस्तार से मंथन किया गया। उपस्थित प्रतिनिधियों ने अपने सुझाव दिए ताकि कथा में अधिक से अधिक लोग शामिल हो सकें और सहभागिता सुनिश्चित की जा सके।
मेहमाननवाजी और श्रद्धालुओं की सुविधा
आयोजक रमेश गुप्ता और नगरपालिका तरावड़ी के चेयरमैन विरेंद्र बंसल ने कहा कि अनिरुद्ध आचार्य जी महाराज का तरावड़ी आना शहर के लिए बहुत सौभाग्य की बात है। उन्होंने बताया कि यह आयोजन केवल एक धार्मिक कार्यक्रम नहीं है, बल्कि पूरे शहर को भक्ति, संस्कार और आध्यात्मिक ऊर्जा से जोड़ने वाला कार्यक्रम बनेगा। चेयरमैन विरेंद्र बंसल ने कहा कि तरावड़ी शहर हमेशा से मेहमानों का दिल खोलकर स्वागत करने के लिए जाना जाता है। दूर-दराज से आने वाले श्रद्धालुओं की मेहमाननवाजी के लिए पूरा शहर तैयार है और उनका स्वागत सेवा और सत्कार की भावना से किया जाएगा।
सुविधाओं पर विशेष ध्यान
श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए आयोजकों, सामाजिक संस्थाओं और शहरवासियों के स्तर पर हर संभव सहयोग किया जा रहा है। बाहर से आने वाले श्रद्धालुओं को किसी भी प्रकार की परेशानी न हो, इसके लिए पार्किंग, पेयजल, और बैठने की बैठने की व्यवस्था पर विशेष ध्यान दिया जा रहा है। साथ ही, प्रसाद, चिकित्सा सहायता, सुरक्षा तथा अन्य आवश्यक सुविधाओं का भी पूरा इंतजाम किया गया है। चेयरमैन बंसल ने कहा कि ऐसे धार्मिक आयोजन समाज को जोड़ने का काम करते हैं।
कलश यात्रा और पंडाल की व्यवस्था
आयोजकों के अनुसार, कथा का शुभारंभ 5 सितंबर को 1100 महिलाओं की भव्य कलश यात्रा के साथ होगा। यह कलश यात्रा नगर खेड़ा से नई अनाज मंडी तक निकाली जाएगी। इस यात्रा में बड़ी संख्या में मातृशक्ति, युवा और श्रद्धालु शामिल होंगे। क्योंकि कथा में हजारों श्रद्धालुओं के पहुंचने की संभावना है, इसलिए पंडाल सहित अन्य व्यापक व्यवस्थाएं की जा रही हैं ताकि भीड़ को नियंत्रित किया जा सके।