शेरों गांव में सिख युवक के साथ मारपीट और ककारों की बेअदबी

शेरों गांव में सिख युवक के साथ मारपीट और ककारों की बेअदबी बेहद निंदनीय: बलबीर सिंह सिद्धू
नशे के खिलाफ आवाज बुलंद करने वाले युवक को डराने-धमकाने की कोशिश किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं करेंगे।
दोषी पुलिस कर्मचारियों के खिलाफ तुरंत सख्त कार्रवाई की जाए: सिद्धू
अटल हिन्द न्यूज रिसोर्स/04 सितंबर 2026/ मोहाली
सीनियर कांग्रेसी नेता और पूर्व स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू ने संगरूर के शेरों गांव में एक सिख युवक सरदार मोहनजीत सिंह के साथ हुई मारपीट और उनके ककारों की बेअदबी की घटना की कड़े शब्दों में निंदा की है। उन्होंने कहा कि नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले युवक को डराने-धमकाने की कोशिश किसी भी कीमत पर बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
मुख्य बिंदु:
- संगरूर के शेरों गांव में सिख युवक सरदार मोहनजीत सिंह के साथ मारपीट की गई।
- युवक की दाढ़ी खींचने और ककारों के साथ अपमानजनक व्यवहार किया गया।
- पूर्व स्वास्थ्य मंत्री बलबीर सिंह सिद्धू ने इस घटना की कड़ी निंदा की है।
- दोषी पुलिस कर्मचारियों के खिलाफ तुरंत सख्त कानूनी कार्रवाई की मांग की गई है।
पुलिस की धक्केशाही और धार्मिक भावनाओं का अपमान
बलबीर सिंह सिद्धू ने कहा कि यह केवल एक युवक के साथ ज्यादती का मामला नहीं है। यह घटना पंजाब की धार्मिक भावनाओं और कानून-व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करती है। उन्होंने कहा कि नशे के खिलाफ आवाज उठाने वाले युवक को ही निशाना बनाना बेहद दुर्भाग्यपूर्ण है। यदि कोई आम युवक अपने क्षेत्र में फैल रहे नशे के खिलाफ आवाज उठाता है और उसे ही पुलिस की धक्केशाही का सामना करना पड़ता है, तो यह बेहद चिंताजनक स्थिति है।
ककारों की बेअदबी बर्दाश्त नहीं
सिद्धू ने जोर देकर कहा कि दाढ़ी और केसों की बेअदबी तथा ककारों के साथ किसी भी तरह का अपमानजनक व्यवहार बिल्कुल बर्दाश्त नहीं किया जा सकता। उन्होंने स्पष्ट किया कि पुलिस की वर्दी कानून की रक्षा करने की रक्षा की जिम्मेदारी देती है, न कि किसी नागरिक पर जुल्म या धक्केशाही करने का लाइसेंस।
पंजाब सरकार को चेतावनी और निष्पक्ष जांच की मांग
बलबीर सिंह सिद्धू ने पंजाब सरकार को कड़ी चेतावनी देते हुए कहा कि इस मामले को जांच के नाम पर ठंडे बस्ते में डालने की कोशिश न की जाए। उन्होंने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच करवाई जाए और यदि कोई पुलिस कर्मचारी दोषी पाया जाता है, तो उसके खिलाफ बिना किसी राजनीतिक दबाव के कानून के अनुसार सख्त से सख्त कार्रवाई की जाए।
मुख्यमंत्री भगवंत मान से जवाबदेही की मांग
सिद्धू ने कहा कि दिल्ली में गृह मंत्री अमित शाह की देखरेख में प्रदर्शन कर रहे छात्रों के साथ जिस तरह मारपीट की गई थी, उसी तरह पंजाब में भी नशे के खिलाफ आवाज बुलंद करने वाले सिख युवक के साथ मारपीट और बेअदबी की घटना बेहद चिंताजनक है। उन्होंने कहा कि पंजाब के मुख्यमंत्री और गृह मंत्री होने के नाते भगवंत मान का फर्ज बनता है कि वे इस मामले पर अपना स्टैंड स्पष्ट करें, घटना की जिम्मेदारी लेते हुए निष्पक्ष जांच सुनिश्चित करें और दोषी पुलिस अधिकारियों के खिलाफ तुरंत सख्त कानूनी कार्रवाई की जाए।
कानून की समानता और कांग्रेस पार्टी का संघर्ष
बलबीर सिंह सिद्धू ने कहा कि पंजाब में कानून सभी के लिए बराबर होना चाहिए और वर्दी के पीछे छिपकर किसी को भी मनमानी करने की इजाजत नहीं दी जा सकती। उन्होंने सरकार से पूछा कि वह पीड़ित युवक के साथ खड़ी है या फिर दोषी अधिकारियों को बचाने की कोशिश करेगी।
उन्होंने कहा कि कांग्रेस पार्टी पीड़ित युवक को इंसाफ दिलाने के लिए हर स्तर पर आवाज बुलंद करेगी। उनकी मांग बिल्कुल स्पष्ट है कि पीड़ित को इंसाफ मिले, दोषियों के खिलाफ तुरंत कानूनी कार्रवाई हो और ककारों की लिए जवाबदेही तय की जाए। उन्होंने अंत में चेतावनी दी कि यदि पंजाब सरकार ने इस गंभीर मामले में तुरंत और ठोस कार्रवाई नहीं की, तो कांग्रेस पार्टी चुप नहीं बैठेगी और पंजाब के अधिकारों, युवाओं की इज्जत तथा इंसाफ के लिए जोरदार संघर्ष करेगी।