भारत ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस में रक्तदान शिविर: 51 से अधिक युवाओं ने किया रक्तदान, कैलाशो सैनी ने की शुरुआत

बाबैन में भारत ग्रुप ऑफ इंस्टीट्यूशंस बाबैन और पहलादपुर में बुधवार को एक रक्तदान सेवा शिविर का आयोजन किया गया। इस शिविर में कॉलेज के युवाओं ने बढ़-चढ़कर हिस्सा लिया। युवाओं ने 51 से अधिक यूनिट रक्तदान किया। रक्तदान शिविर का शुभारंभ संस्थान की प्रेसिडेंट और पूर्व सांसद कैलाशो सैनी ने किया। इस कार्यक्रम की अध्यक्षता समाजसेवी राजकुमार पिंडारसी ने की। शिविर में बड़ी संख्या में युवाओं ने स्वेच्छा से रक्तदान किया। युवाओं ने समाज सेवा और मानवता की एक बड़ी मिसाल पेश की। आयोजकों ने सभी रक्तदाताओं का उत्साहवर्धन किया। आयोजकों ने रक्तदाताओं को प्रमाण-पत्र देकर सम्मानित भी किया।
इस अवसर पर संस्थान के अध्यक्ष ओमनाथ सैनी, वाइस चेयरमैन भारत सैनी और नायब तहसीलदार गीता राम मौजूद रहे। इसके अलावा बीडीपीओ सुशील मंगला, थाना प्रभारी बलबीर दत्त और कृष्ण धमीजा उपस्थित रहे। तेजपाल मथाना और स्टार रक्तदाता अशोक वर्मा भी कार्यक्रम में शामिल हुए। आसपास के गांवों के गणमान्य व्यक्ति, समाजसेवी और युवा भी उपस्थित रहे। संस्थान के स्टाफ सदस्य भी इस अवसर पर विशेष रूप से मौजूद रहे।
रक्तदान महादान है और इससे जीवन बचता है: कैलाशो सैनी
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्य अतिथि कैलाशो सैनी ने महत्वपूर्ण बातें कहीं। उन्होंने कहा कि रक्तदान महादान है और प्रत्येक स्वस्थ व्यक्ति को समय-समय पर रक्तदान करना चाहिए। उन्होंने आगे कहा कि रक्तदान करने से किसी जरूरतमंद व्यक्ति की अमूल्य जान बचाई जा सकती है। रक्तदान को लेकर लोगों के मन में कई तरह की भ्रांतियां फैली हुई हैं। जबकि सामान्य रूप से स्वस्थ व्यक्ति द्वारा रक्तदान करने से शरीर पर कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ता है। मानव रक्त किसी फैक्ट्री में तैयार नहीं होता है। इसकी पूर्ति केवल मानव शरीर से ही संभव हो सकती है। दुर्घटना, गंभीर बीमारी, ऑपरेशन या अन्य चिकित्सकीय परिस्थितियों में जरूरतमंद मरीजों के लिए रक्त की बहुत आवश्यकता पड़ती है। ऐसे में रक्तदान करने वाला प्रत्येक व्यक्ति किसी न किसी के जीवन को बचाने में अपनी महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है।
युवाओं को नशे जैसी बुराइयों से दूर रहने का आह्वान
कैलाशो सैनी ने युवाओं से विशेष आह्वान किया। उन्होंने कहा कि युवाओं को नशे जैसी सामाजिक बुराइयों से दूर रहना चाहिए। युवाओं को समाजहित के कार्यों में बढ़-चढ़कर भाग लेना चाहिए। युवाओं को अपनी ऊर्जा को सकारात्मक दिशा में लगाना चाहिए। युवाओं को समाज को बेहतर बनाने के लिए मिलकर काम करना चाहिए। रक्तदान जैसी सेवाओं में युवाओं की सक्रिय भागीदारी मानवता के प्रति उनकी जिम्मेदारी को साफ तौर पर दर्शाती है। शिविर में रक्तदान करने वाले युवाओं ने भी अन्य लोगों से अपील की। स्वस्थ व्यक्ति को आगे आकर नियमित रूप से रक्तदान करना चाहिए। ऐसा करने से जरूरत के समय किसी भी मरीज को रक्त की कमी के कारण परेशानी का सामना नहीं करना पड़ेगा।