हरियाणा फैमिली आईडी में बड़े सुधार, तलाकशुदा नागरिकों और बच्चों को मिलेगा सीधा लाभ

हरियाणा सरकार द्वारा परिवार पहचान पत्र प्रणाली को और अधिक सरल, पारदर्शी तथा नागरिकों की वास्तविक परिस्थितियों के अनुरूप बनाने की दिशा में लगातार सुधार किए जा रहे हैं। इसी क्रम में फैमिली आईडी निर्माण प्रक्रिया में दो महत्वपूर्ण बदलाव लागू किए गए हैं। इन बदलावों से विशेष रूप से तलाकशुदा नागरिकों और उनके बच्चों को बड़ी सुविधा मिलेगी।
फैमिली आईडी में तलाकशुदा नागरिकों के लिए नया नियम
पीपीपी स्टेट कोऑर्डिनेटर डॉ. सतीश खोला ने इस बारे में जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि अब यदि कोई नागरिक नई फैमिली आईडी बनाते समय अपनी वैवाहिक स्थिति तलाकशुदा दर्ज करता है, तो उसे पति या पत्नी का विवरण देना अनिवार्य नहीं होगा। पहले कई मामलों में नागरिकों को पूर्व जीवनसाथी की जानकारी उपलब्ध न होने के कारण कठिनाइयों का सामना करना पड़ता था। नई व्यवस्था के लागू होने से ऐसे नागरिक आसानी से अपनी फैमिली आईडी बना सकेंगे। इसके बाद वे सरकारी सेवाओं तथा योजनाओं का लाभ प्राप्त कर सकेंगे।
बच्चों को शामिल करने की प्रक्रिया में किया गया बदलाव
इसके अतिरिक्त, तलाकशुदा माता-पिता के बच्चों को फैमिली आईडी में शामिल करने की प्रक्रिया को भी अधिक व्यावहारिक बनाया गया है। यदि कोई नागरिक ऐसे बच्चे को जोड़ना चाहता है जिसके माता-पिता का तलाक हो चुका है, तो सिस्टम सबसे पहले यह पूछेगा कि क्या बच्चे के माता-पिता तलाकशुदा हैं। यदि इसका उत्तर हाँ दिया जाता है, तो नागरिक को यह बताना होगा कि बच्चा वर्तमान में माता या पिता में से किसके साथ रह रहा है। नई व्यवस्था के अनुसार केवल उसी अभिभावक का आधार विवरण देना आवश्यक होगा जिसके साथ बच्चा रह रहा है। दूसरे अभिभावक के संबंध में केवल उसका पूरा नाम दर्ज किया जाएगा। इससे उन परिवारों को विशेष राहत मिलेगी जहां तलाक के बाद बच्चे की देखभाल किसी एक अभिभावक द्वारा की जा रही है। ऐसे मामलों में दूसरे अभिभावक की विस्तृत जानकारी उपलब्ध नहीं होने पर भी काम आसान हो जाएगा। डॉ. सतीश खोला ने कहा कि हरियाणा सरकार का उद्देश्य पीपीपी प्रणाली को नागरिक-अनुकूल बनाना है। इससे प्रत्येक परिवार की वास्तविक सामाजिक और पारिवारिक स्थिति का सही प्रतिबिंब फैमिली आईडी में दर्ज हो सकेगा। यह सुधार न केवल प्रक्रिया को सरल बनाएगा बल्कि पात्र नागरिकों को सरकारी योजनाओं और सेवाओं का लाभ समय पर प्राप्त करने में भी सहायता करेगा।