गुरुग्राम में डिजिटल स्वास्थ्य व्यवस्था को मजबूत करने के लिए हुई कार्यशाला, डॉ. सुमिता मिश्रा ने दी जानकारी

हरियाणा में डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं को बढ़ावा देने के लिए राज्य स्तरीय कार्यशाला का आयोजन किया गया है। अगले दो माह में जिला स्तर पर भी ऐसी कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी। गुरुग्राम में स्वास्थ्य एवं परिवार कल्याण विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव डॉ. सुमिता मिश्रा ने महत्वपूर्ण बयान दिया है।
आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन की महत्वपूर्ण पहल
डॉ. सुमिता मिश्रा ने कहा कि आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन (ABDM) देश में स्वास्थ्य सेवाओं को नई दिशा देने वाली एक महत्वपूर्ण पहल है। यह केवल डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं का ढांचा तैयार करने तक ही सीमित नहीं है। इसका मुख्य उद्देश्य मरीज और स्वास्थ्य सेवा प्रदाता के बीच एक भरोसेमंद व्यवस्था विकसित करना है। इससे स्वास्थ्य संबंधी जानकारी सुरक्षित रूप से उपलब्ध हो सकेगी। विभिन्न स्वास्थ्य संस्थानों के बीच बेहतर समन्वय भी स्थापित हो सकेगा।
निजी क्षेत्र की सक्रिय भागीदारी पर जोर
डॉ. सुमिता मिश्रा ने स्पष्ट किया कि ABDM की सफलता तभी संभव है जब सरकारी के साथ निजी स्वास्थ्य क्षेत्र भी इसे अपनी जिम्मेदारी समझे। हरियाणा में सरकारी अस्पतालों और चिकित्सकों का ABDM के तहत पंजीकरण लगभग पूरा हो चुका है। हालांकि, निजी अस्पतालों और स्वास्थ्य पेशेवरों की भागीदारी को और अधिक बढ़ाने की आवश्यकता है। इस राज्य स्तरीय कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य सभी हितधारकों को एक मंच पर लाना है। इससे सभी की शंकाओं और व्यावहारिक समस्याओं को समझकर उनका समाधान किया जा सकेगा।
भविष्य की जरूरत और डिजिटल तकनीक
उन्होंने कहा कि ABDM आने वाले समय में स्वास्थ्य सेवाओं की कार्यप्रणाली का एक अभिन्न हिस्सा बन जाएगा। इसलिए सभी स्वास्थ्य संस्थानों को समय रहते डिजिटल व्यवस्था के लिए पूरी तरह तैयार होना चाहिए। मरीजों को बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं देने के लिए डिजिटल तकनीक का उपयोग बढ़ाना आज के समय की बड़ी मांग है। इसके लिए सभी संबंधित विभागों और चिकित्सकों के बीच बेहतर तालमेल होना बहुत जरूरी है।
हरियाणा में प्रगति और आगामी योजनाएं
डॉ. सुमिता मिश्रा ने जानकारी दी कि आगामी दो महीनों के दौरान हरियाणा में जिला स्तर पर विशेष कार्यशालाएं आयोजित की जाएंगी। इन कार्यशालाओं के माध्यम से स्थानीय स्तर के स्वास्थ्य संस्थानों को ABDM से जोड़ा जाएगा। इसके क्रियान्वयन से जुड़ी समस्याओं का मौके पर ही समाधान करने का पूरा प्रयास किया जाएगा। हरियाणा ने आयुष्मान भारत डिजिटल मिशन के तहत बहुत ही उल्लेखनीय प्रगति हासिल की है। प्रदेश में अब तक 1.92 करोड़ से अधिक आभा पहचान-पत्र बनाए जा चुके हैं। यह संख्या राज्य की कुल अनुमानित आबादी का लगभग 65 प्रतिशत हिस्सा है। सरकार का मुख्य लक्ष्य अब कवरेज को और अधिक बढ़ाना है। साथ ही डिजिटल स्वास्थ्य सेवाओं का प्रभावी उपयोग सुनिश्चित किया जाएगा। प्रदेश की लगभग 98 प्रतिशत सार्वजनिक स्वास्थ्य सुविधाएं अब स्वास्थ्य सुविधा रजिस्ट्री पर पंजीकृत हो चुकी हैं। इसके अलावा 90 प्रतिशत से अधिक लक्षित सरकारी चिकित्सक भी स्वास्थ्य पेशेवर रजिस्ट्री पर पंजीकृत हो चुके हैं।