हांसी: लीला चौधरी ने एसएसबी प्रतियोगिता में एक स्वर्ण व दो कांस्य पदक जीतकर बढ़ाया मान

हांसी जिले के नारनौंद उपमंडल के गांव बुडाना की बहू और सशस्त्र सीमा बल की असिस्टेंट कमांडेंट डॉ. लीला चौधरी ने शानदार उपलब्धि हासिल की है। देशसेवा के साथ खेल के मैदान में भी अपनी प्रतिभा का लोहा मनवाने वाली डॉ. लीला चौधरी ने यह बड़ा मुकाम हासिल किया है। हाल ही में आयोजित एसएसबी इंटर फ्रंटियर प्रतियोगिता में डॉ. लीला चौधरी ने दमदार प्रदर्शन किया है। उन्होंने इस प्रतियोगिता में एक स्वर्ण पदक और दो कांस्य पदक जीतकर अपनी प्रतिभा का परचम लहराया है।
डॉ. लीला चौधरी बुडाना निवासी सुनील सिवाच की पुत्रवधू और डॉ. अरुण चौधरी की पत्नी हैं। वह आर्म्ड फोर्सेज में चिकित्सक के रूप में अपनी जिम्मेदारी निभा रही हैं। चिकित्सक के रूप में काम करने के साथ-साथ वह खेल और साहसिक गतिविधियों में भी लगातार सक्रिय रहती हैं। उनकी इस उपलब्धि से बुडाना गांव सहित पूरे क्षेत्र में खुशी की लहर दौड़ गई है।
साहसिक गतिविधियों में भी बनाई विशेष पहचान
डॉ. लीला चौधरी ने केवल खेल प्रतियोगिताओं में ही अपनी प्रतिभा नहीं दिखाई है। उन्होंने साहसिक गतिविधियों में भी अपनी एक अलग पहचान बनाई है। उन्होंने बेसिक और एडवांस माउंटेनियरिंग का प्रशिक्षण सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। एसएसबी अधिकारियों के अनुसार, वह जल्द ही एक बड़े पर्वतारोहण अभियान में हिस्सा लेने जा रही हैं।
देशसेवा और खेल प्रतिभा का अनूठा संगम
चिकित्सक के रूप में देशसेवा, सुरक्षा बल में जिम्मेदारी और खेल के मैदान में शानदार प्रदर्शन किया है। डॉ. लीला चौधरी की ये सभी उपलब्धियां युवाओं, और विशेषकर बेटियों के लिए एक बड़ी प्रेरणा बन रही हैं। उनकी इस सफलता पर परिजनों, ग्रामीणों और क्षेत्रवासियों ने उन्हें बधाई दी है। सभी ने कहा है कि उन्होंने अपनी कड़ी मेहनत, अनुशासन और हौसले के दम पर यह साबित कर दिखाया है कि बेटियां और बहुएं किसी भी क्षेत्र में सफलता का परचम लहरा सकती हैं।