रादौर-हल्की बारिश में ही बह गई पुल की बरम, हरियाणा एंटी करप्शन सोसाइटी ने की जांच की मांग

हल्की बारिश में बही यमुना नदी के पुल की बरम, हरियाणा एंटी करप्शन सोसाइटी ने की निष्पक्ष जांच की मांग
कुलदीप सैनी/रादौर/ 10 सितंबर 2026 /अटल हिन्द न्यूज रिसोर्स
रादौर क्षेत्र में यमुना नदी के नगली बाढ़ प्रभावित क्षेत्र में बनाए गए पुल को लेकर बड़े सवाल खड़े हो गए हैं। पुल की निर्माण गुणवत्ता को लेकर अब गंभीर सवाल उठने लगे हैं। पुल से महज दो से तीन मीटर की दूरी पर बनाई गई बरम केवल हल्की बारिश के बाद ही बह गई है। इसके अलावा पुल के पिलरों में भी क्षति साफ दिखाई दे रही है।
पुल के निर्माण कार्य और गुणवत्ता पर उठे गंभीर सवाल
पुल का निर्माण कार्य अभी पूरी तरह से पूरा भी नहीं हुआ है। निर्माण कार्य पूरा होने से पहले ही पुल के आसपास इस प्रकार की स्थिति सामने आ गई है। इस स्थिति के सामने आने से पुल की मजबूती पर चर्चाएं शुरू हो गई हैं। इसके साथ ही पुल के निर्माण में इस्तेमाल की गई सामग्री की गुणवत्ता को लेकर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।
हरियाणा एंटी करप्शन सोसाइटी ने की जांच की मांग
इस पूरे मामले को लेकर हरियाणा एंटी करप्शन सोसाइटी ने पुल के निर्माण कार्य की गुणवत्ता की जांच करवाने की मांग उठाई है। हरियाणा एंटी करप्शन सोसाइटी के प्रदेशाध्यक्ष एडवोकेट वरयाम सिंह ने इस विषय पर बयान दिया है। उन्होंने कहा कि अभी क्षेत्र में न तो अधिक बारिश हुई है और न ही बाढ़ जैसे हालात बने हैं। इसके बावजूद पुल के नजदीक बरम का बह जाना और पिलरों में क्षति दिखाई देना एक गंभीर विषय है।
लापरवाही मिलने पर कड़ी कार्रवाई की मांग
वरयाम सिंह ने कहा कि इससे पुल की निर्माण गुणवत्ता के साथ-साथ इसमें इस्तेमाल की गई निर्माण सामग्री पर भी सवाल खड़े होते हैं। उन्होंने प्रदेश सरकार से यह मांग की है कि पुल के निर्माण कार्य की निष्पक्ष जांच करवाई जाए। इसके साथ ही इसमें इस्तेमाल की गई सामग्री की गुणवत्ता की भी जांच की जानी चाहिए। उन्होंने कहा कि यदि जांच के दौरान निर्माण कार्य में किसी प्रकार की लापरवाही या अनियमितता सामने आती है, तो संबंधित निर्माण एजेंसी, ठेकेदार और जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ नियमानुसार सख्त कार्रवाई की जानी चाहिए।
पुल शुरू होने से दो राज्यों के लोगों को मिलेगी सुविधा
वरयाम सिंह ने यह भी कहा कि यह पुल क्षेत्र के लिए बहुत महत्वपूर्ण है। इस पुल के शुरू होने से दो राज्यों के लोगों को आवागमन की बेहतर सुविधा मिलेगी। स्थानीय लोग लंबे समय से पुल के निर्माण कार्य पूरा होने और इसके उद्घाटन का इंतजार कर रहे हैं। ऐसे में पुल को जनता के लिए खोले जाने से पहले इसकी मजबूती और निर्माण गुणवत्ता की पूरी तरह जांच किया जाना बेहद जरूरी है, ताकि भविष्य में किसी भी प्रकार की परेशानी या खतरा उत्पन्न न हो।