हरियाणा में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के 45 पदों पर होगी भर्ती, एचपीएससी को भेजा गया प्रस्ताव

चंडीगढ़ से सामने आई बड़ी खबर के अनुसार, हरियाणा सरकार ने प्रदेश में खाद्य सुरक्षा को मजबूत करने के लिए एक अहम कदम उठाया है। हरियाणा सरकार ने खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग को औपचारिक रूप से प्रवर्तन विभाग के रूप में मान्यता देने पर मंथन शुरू कर दिया है। इस बदलाव के बाद, विभागीय अधिकारियों के पास खाद्य पदार्थों की मिलावटखोरी करने वाले लोगों के विरुद्ध कार्रवाई करने के लिए और अधिक अधिकार आ जाएंगे।
खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के 45 पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू
इस दिशा में आगे बढ़ते हुए, खाद्य एवं औषधि प्रशासन विभाग में खाद्य सुरक्षा अधिकारियों के 45 नियमित पदों पर भर्ती प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इसी प्रक्रिया के चलते, स्वास्थ्य विभाग की तरफ से हरियाणा लोक सेवा आयोग (HPSC) को आधिकारिक प्रस्ताव भेज दिया गया है। इन नई भर्तियों के पूरा होने के बाद प्रदेश भर में निरीक्षण, निगरानी, सैंपलिंग और जांच के काम में तेजी लाई जाएगी।
नई खाद्य परीक्षण प्रयोगशालाओं की स्थापना के लिए बजट
स्वास्थ्य विभाग की अतिरिक्त मुख्य सचिव सुमिता मिश्रा ने शनिवार को इस संबंध में विस्तृत जानकारी साझा की है। उन्होंने बताया कि वैज्ञानिक जांच क्षमता को मजबूत बनाने के लिए वर्ष 2026-27 के पहले चरण में हिसार और नारनौल में खाद्य परीक्षण प्रयोगशालाएं स्थापित करने के लिए 24 करोड़ रुपये का बजट प्रावधान किया गया है। यह कदम प्रदेश के हिसार, नारनौल, सिरसा, जींद, यमुनानगर, रोहतक, फरीदाबाद और गुरुग्राम में आठ व्यापक एकीकृत खाद्य परीक्षण प्रयोगशालाएं स्थापित करने की एक बड़ी योजना का हिस्सा है। इन प्रयोगशालाओं के विस्तार होने से खाद्य पदार्थों की वैज्ञानिक जांच और निगरानी क्षमता में बढ़ोतरी होगी। साथ ही, खाद्य सुरक्षा उल्लंघनों की पहचान करने और प्रभावी कार्रवाई करने के लिए एक मजबूत संस्थागत व्यवस्था विकसित की जाएगी।
दोषसिद्धि के मामलों में आई तेजी और जुर्माने की राशि
अतिरिक्त मुख्य सचिव ने आगे बताया कि खाद्य सुरक्षा कानूनों के उल्लंघन के मामलों में दोषसिद्धि की संख्या लगातार बढ़ती जा रही है। वर्ष 2023-24 में दोषसिद्धि के 47 मामले थे, जो बढ़कर वर्ष 2025-26 में 111 हो गए हैं। चालू वित्त वर्ष के दौरान 31 अगस्त 2026 तक कुल 265 मामलों में दोषसिद्धि हो चुकी है और इस दौरान 55.86 लाख रुपये का जुर्माना लगाया गया है। इसके अलावा, वर्ष 2025-26 के दौरान खाद्य सुरक्षा संबंधी प्रवर्तन कार्रवाई के तहत कुल 2.35 करोड़ रुपये का जुर्माना लगाया गया था।
खाद्य प्रतिष्ठानों पर जागरूकता अभियान और निरीक्षण
चालू वर्ष के दौरान विभाग द्वारा कुल 236 खाद्य प्रतिष्ठानों पर खाद्य सुरक्षा एवं स्वच्छता संबंधी जागरूकता अभियान चलाए गए हैं। इनमें से 153 प्रतिष्ठान एवं विक्रेता स्वच्छता संबंधी आवश्यकताओं का पूरा अनुपालन करते हुए पाए गए हैं। हालांकि, जिन मामलों में नियमों का उल्लंघन पाया गया है, उनमें लागू प्रावधानों के अनुसार नियमानुसार सख्त कार्रवाई शुरू कर दी गई है।