हरियाणा की जेलों में 4948 में से 2380 पद खाली, विधायक पूजा अंबाला ने उठाए गंभीर सवाल

हरियाणा की जेलों में 4948 स्वीकृत पदों में से 2380 पद खाली होने का मामला सामने आया है। इस विषय को लेकर विधायक पूजा अंबाला ने सरकार की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल उठाए हैं।
विधानसभा में उठाया गया जेल विभाग का मामला
हरियाणा जेल विभाग में बड़ी संख्या में पद रिक्त होने का यह मामला विधानसभा में विधायक पूजा द्वारा उठाया गया। विधायक पूजा ने जेल मंत्री डॉ. अरविंद कुमार शर्मा से प्रदेश की जेलों में स्वीकृत पदों, वर्तमान में कार्यरत कर्मचारियों तथा रिक्त पदों की स्थिति को लेकर सवाल किया था।
मंत्री द्वारा सदन में दिए गए आंकड़े
विधानसभा में दिए गए मंत्री के जवाब के अनुसार, हरियाणा जेल विभाग में कुल 4948 पद स्वीकृत हैं। इनमें से केवल 2568 पदों पर कर्मचारी कार्यरत हैं, जबकि 2380 पद खाली पड़े हैं। जेल मंत्री द्वारा सदन में दी गई जानकारी के मुताबिक ग्रुप-ए के 98 स्वीकृत पदों में 67, ग्रुप-बी के 70 में 8, ग्रुप-सी के 4322 में 2045 और ग्रुप-डी के 458 में 260 पद रिक्त हैं। इस प्रकार सबसे अधिक रिक्तियां ग्रुप-सी में हैं।
विधायक पूजा द्वारा सरकार की कार्यप्रणाली पर सवाल
विधायक पूजा ने कहा कि जेल जैसे संवेदनशील विभाग में लगभग आधे पदों का खाली होना सरकार की कार्यप्रणाली पर गंभीर सवाल खड़े करता है। जेलों में सुरक्षा, प्रशासन और कैदियों के सुधार से जुड़ी व्यवस्थाएं पर्याप्त स्टाफ के बिना सुचारू रूप से नहीं चल सकतीं। उन्होंने कहा कि सरकार की ओर से जवाब में बताया गया है कि रिक्त पदों को भरने की प्रक्रिया पहले से प्रगति पर है और संबंधित भर्ती एजेंसियों को पदों की मांग भेजी जा चुकी है। लेकिन सवाल यह है कि इतने महत्वपूर्ण विभाग में हजारों पद लंबे समय से खाली क्यों रखे गए और सरकार ने समय रहते नियमित भर्ती क्यों नहीं की।
भर्ती प्रक्रिया और समय सीमा की मांग
विधायक पूजा ने कहा कि केवल भर्ती प्रक्रिया शुरू करने की बात पर्याप्त नहीं है। सरकार को रिक्त पदों को जल्द से जल्द भरने के लिए स्पष्ट समय सीमा तय करनी चाहिए, ताकि जेल विभाग में कर्मचारियों की कमी दूर हो और सुरक्षा व्यवस्था मजबूत हो सके। उन्होंने कहा कि विधानसभा में सरकार से सवाल पूछने का उद्देश्य केवल आंकड़े हासिल करना नहीं, बल्कि जनता को यह बताना है कि सरकारी विभागों में कर्मचारियों की कमी क्यों बनी हुई है और उसे दूर करने के लिए सरकार क्या ठोस कदम उठा रही है। अंत में विधायक पूजा ने मांग की कि जेल विभाग के सभी रिक्त पदों को प्राथमिकता के आधार पर भरा जाए और भर्ती प्रक्रिया को अनावश्यक रूप से लंबा न खींचा जाए।