हिसार में पीएम सूर्य घर योजना के तहत डीएचबीवीएन ने हासिल किया 51 प्रतिशत लक्ष्य

प्रधानमंत्री सूर्य घर मुफ्त बिजली योजना के अंतर्गत दक्षिण हरियाणा बिजली वितरण निगम यानी डीएचबीवीएन ने बड़ा कदम उठाया है। डीएचबीवीएन ने अब तक 62 हजार 455 घरों की छतों पर सोलर संयंत्र स्थापित किए हैं। इन सोलर संयंत्रों को स्थापित करने के बाद निगम ने 51 प्रतिशत लक्ष्य हासिल कर लिया है। स्थापित किए गए इन सभी सोलर संयंत्रों की कुल क्षमता 221.90 मेगावाट है। इस योजना के तहत निगम को कुल एक लाख एक हजार 845 आवेदन प्राप्त हुए हैं। इन प्राप्त आवेदनों में से अब तक 61 हजार 813 सौर कनेक्शन जारी किए जा चुके हैं।
डीएचबीवीएन के जनसंपर्क अधिकारी संजय चुघ ने सोमवार को इस संबंध में पूरी जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि योजना के अंतर्गत अब तक 52 हजार 632 लाभार्थियों को सब्सिडी दी जा चुकी है। इन सभी लाभार्थियों को कुल 380.88 करोड़ रुपये की सब्सिडी वितरित की गई है। निगम ने मार्च 2027 तक का एक बड़ा लक्ष्य निर्धारित किया है। इस निर्धारित समय तक निगम का लक्ष्य एक लाख 22 हजार सौर कनेक्शन स्थापित करने का है। इस लक्ष्य को समय पर पूरा करने के लिए अब विशेष कदम उठाए जा रहे हैं। लंबित आवेदनों के निपटान की प्रक्रिया में तेजी लाई जा रही है। इसके साथ ही निरीक्षण और कनेक्शन जारी करने की प्रक्रिया को भी तेज किया गया है। प्रबंध निदेशक विक्रम सिंह ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देश दिए हैं। उन्होंने अधिकारियों को लंबित आवेदनों की व्यक्तिगत रूप से समीक्षा करने के लिए कहा है। इसके साथ ही पात्र उपभोक्ताओं को निर्धारित समय में इस योजना का पूरा लाभ दिलाने के निर्देश भी दिए गए हैं।
हिसार जोन में सबसे अधिक सोलर संयंत्र स्थापित
जोनवार प्रगति की बात की जाए तो इस मामले में हिसार जोन सबसे आगे चल रहा है। हिसार जोन में सबसे अधिक 36 हजार 291 संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं। इस जोन के अंतर्गत कुल 62 हजार 282 आवेदन प्राप्त हुए थे। इन प्राप्त आवेदनों में से 36 हजार 291 रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित किए गए हैं। इन सभी संयंत्रों की कुल क्षमता 119.41 मेगावाट है। इस जोन में कुल 35 हजार 952 सौर कनेक्शन जारी किए जा चुके हैं। इसके अलावा इस क्षेत्र के 31 हजार 616 लाभार्थियों को सब्सिडी मिल चुकी है। इन लाभार्थियों को कुल 231.36 करोड़ रुपये की सब्सिडी दी जा चुकी है। हिसार जोन ने अपने कुल निर्धारित लक्ष्य का 66 प्रतिशत हिस्सा हासिल कर लिया है।
दूसरी तरफ दिल्ली जोन की स्थिति भी सामने आई है। दिल्ली जोन में कुल 39 हजार 563 आवेदन प्राप्त हुए हैं। इन आवेदनों में से 26 हजार 164 रूफटॉप सोलर संयंत्र स्थापित किए जा चुके हैं। इन संयंत्रों की कुल क्षमता 102.49 मेगावाट है। इस जोन में 25 हजार 861 कनेक्शन जारी किए गए हैं। इसके अलावा 21 हजार 016 लाभार्थियों को सब्सिडी वितरित की गई है। इन लाभार्थियों को कुल 149.52 करोड़ रुपये की सब्सिडी दी गई है। दिल्ली जोन ने इस योजना के तहत अपना 38 प्रतिशत लक्ष्य हासिल कर लिया है।
रेवाड़ी और सिरसा सर्कल लक्ष्य से आगे
सर्कलवार उपलब्धियों पर नजर डालें तो अलग-अलग आंकड़े सामने आए हैं। रेवाड़ी और सिरसा सर्कल ने मार्च 2027 तक के निर्धारित लक्ष्य को पार कर लिया है। इन दोनों सर्कलों ने 106-106 प्रतिशत की बेहतरीन उपलब्धि दर्ज की है। इसके अलावा अन्य सर्कलों ने भी प्रगति की है। फतेहाबाद ने 86 प्रतिशत और हिसार ने 63 प्रतिशत लक्ष्य हासिल किया है। गुरुग्राम-द्वितीय ने 48 प्रतिशत और नारनौल ने 46 प्रतिशत उपलब्धि हासिल की है। भिवानी ने 45 प्रतिशत और गुरुग्राम-प्रथम ने 41 प्रतिशत लक्ष्य पूरा किया है। जींद सर्कल ने इस योजना के तहत 37 प्रतिशत लक्ष्य हासिल किया है। फरीदाबाद की उपलब्धि इस मामले में 15 प्रतिशत रही है। पलवल सर्कल ने इस योजना के तहत 11 प्रतिशत लक्ष्य हासिल किया है।
डीएचबीवीएन की ओर से लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। शेष बचे हुए सभी पात्र उपभोक्ताओं को इस योजना का लाभ दिलाया जाएगा। इसके लिए पूरी प्रक्रिया को और अधिक तेज किया जा रहा है। निगम का मुख्य उद्देश्य मार्च 2027 तक अपने लक्ष्य को पूरा करना है। इसके तहत एक लाख 22 हजार सौर कनेक्शन का निर्धारित लक्ष्य हर हाल में पूरा किया जाएगा।