कैथल में एचएसएनसीबी की बड़ी कार्रवाई, 300 ग्राम हेरोइन के साथ पिता गिरफ्तार और निशानदेही पर बेटा भी दबोचा गया

हरियाणा स्टेट नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो के एडीजीपी संजय कुमार, आईपीएस के कुशल नेतृत्व एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारियों के मार्गदर्शन में प्रदेश को नशा मुक्त बनाने हेतु नशा तस्करों के विरुद्ध अभियान चलाया जा रहा है। इसी अभियान के तहत एचएसएनसीबी यमुनानगर यूनिट ने जिला कैथल में एक बड़ी कार्रवाई की है। इस कार्रवाई के दौरान पुलिस ने 300 ग्राम हेरोइन यानी चिट्टा सहित एक नशा तस्कर को गिरफ्तार किया है। पूछताछ के दौरान इस मामले में एक चौंकाने वाला मोड़ सामने आया है। पुलिस ने आरोपी की ही निशानदेही पर उसके बेटे को भी इस मामले में सह-आरोपी के तौर पर गिरफ्तार कर लिया है।
नाकाबंदी में फंसा तस्कर और भागने की कोशिश रही नाकाम
यूनिट प्रभारी महरूफ अली ने विस्तार से जानकारी देते हुए बताया कि यूनिट के उप-निरीक्षक संदीप शर्मा के नेतृत्व में टीम थाना चीका क्षेत्र में गश्त कर रही थी। उसी समय पुलिस टीम को पुख्ता गुप्त सूचना मिली कि गांव कल्लर माजरा, थाना चीका निवासी भगवान दास उर्फ पोला हेरोइन तस्करी का कारोबार करता है। सूचना मिली थी कि वह उसी दिन मोटरसाइकिल पर सवार होकर गांव बोपर से गांव चीका की ओर आने वाला है। सूचना पूरी तरह पुख्ता होने पर पुलिस टीम ने गांव बदसूई में नाकाबंदी कर दी। कुछ ही समय बाद मोटरसाइकिल सवार आरोपी वहां आता हुआ दिखाई दिया। पुलिस पार्टी को सामने देखते ही आरोपी ने अपनी बाइक वापस मोड़कर भागने की कोशिश की, लेकिन टीम ने चंद सेकंडों में ही उसे दबोच लिया। पूछताछ के दौरान उसने अपनी पहचान भगवान दास उर्फ पोला, पुत्र दर्शन सिंह के रूप में बताई।
राजपत्रित अधिकारी की मौजूदगी में हुई तलाशी और बरामद हुआ बैग
एक राजपत्रित अधिकारी की मौजूदगी में आरोपी की विधिवत तलाशी ली गई। इस तलाशी के दौरान आरोपी की पीठ पर टंगे बैग से एक पारदर्शी पॉलीथिन में रखा हुआ नशीला पदार्थ बरामद हुआ। आरोपी ने खुद यह कबूल किया कि यह नशीला पदार्थ हेरोइन यानी चिट्टा है। मौके पर जब इस नशीले पदार्थ को तौला गया, तो इसका कुल वजन 300 ग्राम पाया गया। यह बरामद मात्रा एनडीपीएस एक्ट के नियमों के अनुसार वाणिज्यिक मात्रा की श्रेणी में आती है। पुलिस ने नियमानुसार बरामद की गई हेरोइन तथा आरोपी की मोटरसाइकिल को अपने कब्जे में ले लिया है।
एनडीपीएस एक्ट के तहत दर्ज हुआ मुकदमा
बरामदगी के इस आधार पर थाना चीका, जिला कैथल में आरोपी भगवान दास उर्फ पोला के विरुद्ध एफआईआर नंबर 215 दर्ज की गई। यह मुकदमा दिनांक 23.08.2026 को धारा 21(सी) और 61/85 एनडीपीएस एक्ट के अंतर्गत दर्ज किया गया है। पुलिस द्वारा बरामद की गई हेरोइन की यह कुल मात्रा वाणिज्यिक श्रेणी के अंतर्गत आती है, जो एक गंभीर मामला है।
पूछताछ में हुआ बड़ा खुलासा और पिता की निशानदेही पर बेटा गिरफ्तार
पुलिस पूछताछ के दौरान आरोपी भगवान दास उर्फ पोला ने एक बहुत बड़ा खुलासा किया। उसने बताया कि हेरोइन की यह खेप मंगवाने के लिए उसे 4 लाख रुपये नगद उसके अपने बेटे गुरमुख उर्फ बच्ची ने दिए थे। इस महत्वपूर्ण निशानदेही के आधार पर पुलिस टीम ने तुरंत कार्रवाई करते हुए गांव कल्लर माजरा से गुरमुख उर्फ बच्ची को भी सह-आरोपी के तौर पर गिरफ्तार कर लिया। जांच के दौरान यह बात सामने आई कि इस अवैध तस्करी नेटवर्क में पिता और पुत्र दोनों की सीधी भूमिका शामिल थी। पुलिस ने दोनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है और इस मामले की आगामी जांच शुरू कर दी है, ताकि इस पूरे तस्करी नेटवर्क का पूरी तरह से पता लगाया जा सके।
नशे के खिलाफ हेल्पलाइन नंबर जारी
हरियाणा स्टेट नारकोटिक्स कंट्रोल ब्यूरो आम जनता से यह सहयोग करने की अपील करती है कि यदि उनके आसपास कहीं भी नशे की बिक्री, तस्करी या किसी भी प्रकार के अवैध नशा कारोबार की कोई भी जानकारी मिले, तो वे तुरंत इसकी सूचना दें। सूचना देने के लिए नागरिक टोल-फ्री हेल्पलाइन नंबर 1933 पर संपर्क कर सकते हैं। इसके अलावा एचएसएनसीबी हेल्पलाइन नंबर 90508-91508 और एनसीबी मानस पोर्टल ncbmanas.gov.in का उपयोग किया जा सकता है। ब्यूरो की ओर से यह आश्वासन दिया जाता है कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान को पूरी तरह से गोपनीय रखा जाएगा।