कैथल में विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान के तहत अधिकारियों को सख्त निर्देश दिए गए हैं। नोटिस वितरण और दस्तावेजों के सत्यापन का कार्य निर्धारित समय-सीमा में पूरा करने के लिए डीसी अपराजिता ने अधिकारियों को कहा है। इस अभियान के तहत जिले में कुल 1 लाख 19 हजार 955 मतदाताओं को नोटिस जारी किए जाएंगे। इनमें से करीब 48 हजार 200 मतदाताओं को नोटिस जारी किए जा चुके हैं। ये वे मतदाता हैं, जो या तो अनमैप्ड हैं या उनके नाम, आयु तथा अन्य विवरणों में विसंगतियां हैं।
डीसी अपराजिता सोमवार को लघु सचिवालय स्थित वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग रूम में बैठक ले रही थीं। वह विशेष गहन पुनरीक्षण अभियान की समीक्षा के लिए संबंधित निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों एवं सहायक निर्वाचन पंजीयन अधिकारियों के साथ बैठक कर रही थीं। बैठक से पहले मुख्य निर्वाचन अधिकारी श्रीनिवास ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश दिए थे। डीसी ने कहा कि शेष मतदाताओं को भी समयबद्ध रूप से नोटिस उपलब्ध करवाए जाएं और दस्तावेजों के सत्यापन का कार्य भी निर्धारित समय-सीमा में पूरा किया जाए।
प्रशासन की यह प्राथमिकता है कि पात्र मतदाताओं का नाम मतदाता सूची में सही विवरण के साथ दर्ज हो। डीसी ने कहा कि दावे एवं आपत्तियों की सुनवाई और उनका सत्यापन पूरी पारदर्शिता तथा निष्पक्षता के साथ किया जाए। बीएलओ नागरिकों से प्राप्त दावे एवं आपत्तियों का गंभीरता से निपटारा करें। यह सुनिश्चित किया जाए कि प्रत्येक पात्र मतदाता का नाम अंतिम मतदाता सूची में शामिल हो और इस कार्य में किसी भी स्तर पर लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।
संबंधित मतदाता 30 अगस्त 2026 तक अपने दावे एवं आपत्तियां दर्ज करवा सकते हैं। प्राप्त दावे एवं आपत्तियों का निपटारा 28 सितंबर 2026 तक किया जाएगा, जिसके बाद 3 अक्टूबर 2026 को अंतिम मतदाता सूची प्रकाशित की जाएगी। डीसी ने नागरिकों से अपील की है कि जब बीएलओ उनके घर नोटिस देने या दस्तावेजों के सत्यापन के लिए पहुंचें, तो वे आवश्यक दस्तावेज उपलब्ध करवाकर पूरा सहयोग करें। बैठक के दौरान एडीसी सुशील कुमार, कैथल के एसडीएम डॉ. संजय कुमार और कलायत के एसडीएम अजय हुड्डा सहित अन्य संबंधित अधिकारी मौजूद रहे।
सात जुलाई 2026 को 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके युवाओं के वोट बनवाने के विशेष निर्देश दिए गए हैं। डीसी अपराजिता ने अधिकारियों से कहा कि ऐसे युवाओं के नाम मतदाता सूची में शामिल करवाने के लिए विशेष प्रयास किए जाएं। इसके लिए कॉलेजों में विशेष कैंप आयोजित किए जाएं ताकि कोई भी पात्र युवा मतदाता सूची में अपना नाम दर्ज करवाने से वंचित न रह जाए।