कैथल: महिला के गलत ऑपरेशन की जांच के लिए मंत्री ने दिए बोर्ड गठन के निर्देश, जिला कष्ट निवारण समिति बैठक में हुए कई बड़े फैसले

कैथल में आयोजित जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक में विभिन्न मामलों पर चर्चा की गई। कैथल जिले के गांव सेरधा निवासी एक महिला के ऑपरेशन में कथित लापरवाही का मामला जिला कष्ट निवारण समिति की बैठक में प्रमुखता से उठाया गया। शिकायतकर्ता रामनिवास ने आरोप लगाया कि कंसल अस्पताल में महिला का बच्चेदानी का ऑपरेशन एक पुरुष डॉक्टर ने किया था। ऑपरेशन के बाद महिला के पेट में धागे रह जाने की शिकायत सामने आई। इस शिकायत की गंभीरता को देखते हुए कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा ने मामले की जांच के लिए चिकित्सकों का बोर्ड गठित करने के निर्देश दिए। इस पूरे मामले को अगली बैठक तक लंबित रखा गया है और निष्पक्ष जांच रिपोर्ट के आधार पर आगे की कार्रवाई करने को कहा गया है। लघु सचिवालय के सभागार में आयोजित इस बैठक में कुल 13 शिकायतों की सुनवाई की गई थी। इनमें से नौ मामलों का मौके पर ही निपटारा कर दिया गया, जबकि शेष शिकायतों में संबंधित विभागों को जांच और आवश्यक कार्रवाई करने के कड़े निर्देश दिए गए।
कलायत बिजली चोरी मामला और मूंदड़ी जानलेवा हमला केस
कलायत के मॉडल टाउन मंडी निवासी सुच्चा सिंह ने बिजली चोरी का फर्जी केस बनाने, गलत नाम-पता दर्ज करने और 6,990 रुपये जबरन जमा करवाने का गंभीर आरोप लगाया। मंत्री ने इस शिकायत की जांच के लिए एसडीएम कलायत, बिजली निगम के एक्सईएन और एक गैर-समिति सदस्य को शामिल करते हुए एक कमेटी गठित करने के निर्देश दिए। इस कमेटी को अगली बैठक में अपनी रिपोर्ट प्रस्तुत करनी होगी। गांव मूंदड़ी निवासी राज कुमार ने रंजिश के चलते परिजनों पर जानलेवा हमला करने और मुख्य आरोपी को बचाने का आरोप लगाया। पुलिस ने इस मामले में जानकारी दी कि इस मामले में पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया जा चुका है। एक आरोपी विदेश में है और उसके खिलाफ लुक आउट सर्कुलर एलओसी जारी की गई है। मंत्री ने पुलिस को इस मामले की गहनता से जांच करने के निर्देश दिए और इस शिकायत को अगली बैठक तक लंबित रखा।
मजदूरी भुगतान, सफाई व्यवस्था और शिक्षा विभाग से जुड़े मामले
गांव पाई निवासी कर्मबीर ने तीन माह की मजदूरी के 82 हजार रुपये नहीं मिलने की शिकायत रखी। बैठक में दोनों पक्षों के बीच आपसी समन्वय करवाया गया और शिकायतकर्ता को नियमानुसार राशि दिलवा दी गई। इसके बाद इस मामले का सफलतापूर्वक निपटारा कर दिया गया। सेक्टर-19 पार्ट-1 की इंदिरा और दर्शना ने ग्रीन बेल्ट व पार्क क्षेत्र में गंदगी और जलभराव की समस्या की शिकायत रखी। अधिकारियों को इस क्षेत्र में उचित सफाई व्यवस्था सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिए गए। गांव काकौत निवासी पूनम देवी की फीस के कारण बेटी को परीक्षा में नहीं बैठने देने और एसएलसी रोकने की शिकायत का भी समाधान किया गया। शिक्षा विभाग के नियमानुसार स्कूल ने छात्रा को अगली कक्षा में दाखिला दे दिया है। गांव गुहणा निवासी बेअंत कौर की बैंक में जमा राशि और पीएम किसान सम्मान निधि से संबंधित शिकायत पर आवश्यक कागजी कार्रवाई पूरी करवाई गई। गांव सुल्तानिया निवासी लछीराम की नाले की निकासी से संबंधित शिकायत पर संबंधित विभाग को नाले का लेवल ठीक करवाने के निर्देश दिए गए।
नहरी खाल, अतिक्रमण, खेल प्रमाणपत्र और हैप्पी कार्ड से जुड़े अन्य मामले
गांव हाबड़ी निवासी महेंद्र सिंह ने ट्योंठा रोड पर करीब 50 फीट लंबे नहरी खाल को दीवार व जाल लगाकर बंद करने की शिकायत दर्ज कराई। मंत्री ने सिंचाई विभाग को धान की कटाई के बाद निशानदेही करवाकर इस खाल को सुचारू करवाने के निर्देश दिए। मॉडल टाउन निवासी डॉ. शशिपाल की जूडियो के साथ वाली गली में अतिक्रमण की शिकायत पर विभागीय कार्रवाई से शिकायतकर्ता पूरी तरह संतुष्ट मिला। गांव ट्योंठा निवासी स्टेट गोल्ड मेडल विजेता हैंडबॉल खिलाड़ी संदीप कुमार ने खेल ग्रेडेशन सर्टिफिकेट बनाने में देरी की शिकायत की। मंत्री ने जिला खेल अधिकारी को केवल एक सप्ताह के भीतर इस समस्या का समाधान करने का आदेश दिया। गांव बुच्ची निवासी सिंदर बूरा की हैप्पी कार्ड संबंधी शिकायत पर विभाग ने स्पष्ट किया कि पोर्टल बंद होने के कारण फिलहाल आवेदन नहीं हो पा रहा है। पोर्टल दोबारा खुलने पर इसके लिए आसानी से आवेदन किया जा सकेगा। गांव पाई निवासी सागर की हरियाणा परिवार सुरक्षा योजना की राशि बैंक खाते में स्थानांतरित करवाने संबंधी शिकायत पर भी संबंधित अधिकारियों को नियमानुसार आवश्यक कार्रवाई के निर्देश दिए गए।