पंजाब नेशनल बैंक ग्रामीण स्वरोजगार प्रशिक्षण संस्थान कैथल में आयोजित 38 दिवसीय सहायक बुक कीपर प्रशिक्षण कार्यक्रम का शुक्रवार को सफलतापूर्वक समापन हुआ। यह प्रशिक्षण कार्यक्रम 29 जून 2026 से 7 अगस्त 2026 तक आयोजित किया गया, जिसमें 27 युवक-युवतियों ने सफलतापूर्वक प्रशिक्षण प्राप्त किया। इस प्रशिक्षण से युवाओं को स्वरोजगार एवं रोजगार के बेहतर अवसर मिलेंगे। समापन समारोह में मुख्य अतिथि एवं अग्रणी जिला प्रबंधक सुमन कुमार ने सभी प्रशिक्षुओं को उनके उज्जवल भविष्य के लिए शुभकामनाएं दीं।
वर्तमान समय में सहायक बुक कीपर की मांग लगातार बढ़ रही है। प्रशिक्षित युवा इस क्षेत्र में स्वरोजगार के साथ-साथ रोजगार के बेहतर अवसर प्राप्त कर सकते हैं। उन्होंने प्रतिभागियों से प्रशिक्षण के दौरान प्राप्त ज्ञान एवं कौशल का सदुपयोग करते हुए आत्मनिर्भर बनने का आह्वान किया। प्रशिक्षण के दौरान प्रतिभागियों को बुक कीपिंग, लेखांकन, जीएसटी की मूल जानकारी, बैंकिंग प्रक्रियाएं, एमएस एक्सेल, टैली, डिजिटल भुगतान प्रणाली, उद्यमिता विकास, ग्राहक व्यवहार तथा स्वरोजगार से जुड़े विभिन्न पहलुओं का व्यावहारिक प्रशिक्षण दिया गया। इसके अलावा प्रतिभागियों को प्रधानमंत्री मुद्रा योजना, प्रधानमंत्री रोजगार सृजन कार्यक्रम सहित विभिन्न सरकारी योजनाओं, बैंक ऋण तथा वित्तीय साक्षरता के बारे में भी विस्तृत जानकारी प्रदान की गई।
कैथल के निदेशक जगदीश कुमार ने कहा कि संस्थान का मुख्य उद्देश्य ग्रामीण युवक-युवतियों को गुणवत्तापूर्ण कौशल प्रशिक्षण प्रदान कर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त एवं आत्मनिर्भर बनाना है। उन्होंने कहा कि
प्रशिक्षण प्राप्त प्रतिभागी अपने कौशल का उपयोग कर स्वरोजगार स्थापित कर सकते हैं तथा भविष्य में अन्य लोगों के लिए भी रोजगार के अवसर पैदा करने में सक्षम होंगे। उन्होंने प्रशिक्षुओं को सलाह दी कि वे प्रशिक्षण के दौरान सीखे गए कौशल का नियमित अभ्यास करें और इसे अपनी आजीविका का माध्यम बनाएं। इस अवसर पर संस्थान की संकाय सदस्य पुष्पा देवी एवं रेनू, ऑफिस असिस्टेंट जितेंद्र तथा सभी प्रशिक्षु उपस्थित रहे।
कार्यक्रम के अंत में प्रशिक्षुओं ने संस्थान द्वारा प्रदान किए गए उत्कृष्ट प्रशिक्षण, मार्गदर्शन एवं सहयोग के लिए आभार व्यक्त किया। उन्होंने विशेष रूप से कैथल के निदेशक जगदीश कुमार का प्रशिक्षण अवधि के दौरान हरसंभव सहयोग, निरंतर मार्गदर्शन एवं प्रोत्साहन के लिए हार्दिक धन्यवाद किया। प्रशिक्षुओं ने कहा कि
संस्थान के सहयोग एवं प्रेरणा से उन्हें नई सीख हासिल करने में मदद मिली।