बेलरखा की बेटी महक गोयत ने सीएसआईआर-नेट परीक्षा में हासिल की देश भर में 26वीं रैंक

बेलरखा की बेटी महक गोयत ने सीएसआईआर-नेट परीक्षा में हासिल की देश भर में 26वीं रैंक

बेलरखा की बेटी महक गोयत ने सीएसआईआर-नेट में हासिल की 26वीं रैंक,

कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय में भी रह चुकी हैं स्वर्ण पदक विजेता

नरेंद्र जेठी/नरवाना  /14 सितंबर 2026 /अटल हिन्द न्यूज रिसोर्स

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ग्रामीण आंचल की बेटियों ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि दृढ़ संकल्प और कड़ी मेहनत के आगे कोई भी लक्ष्य असंभव नहीं है। उपमंडल नरवाना के निकटवर्ती गांव बेलारखा की होनहार छात्रा महक गोयत ने संयुक्त सीएसआईआर-यूजीसी नेट जून 2026 परीक्षा में जीव विज्ञान विषय में अखिल भारतीय स्तर पर 26वीं रैंक प्राप्त की है। इस सफलता से क्षेत्र और पूरे प्रदेश का नाम रोशन हुआ है। महक ने इस परीक्षा में 98.10 प्रतिशत प्राप्तांक के साथ 123.50 अंक हासिल किए हैं। उन्होंने सहायक प्राध्यापक और कनिष्ठ अनुसंधान छात्रवृत्ति के लिए अर्हता प्राप्त की है।

माता-पिता और गुरुजनों को दिया सफलता का श्रेय

अपनी इस ऐतिहासिक सफलता पर खुशी व्यक्त करते हुए महक गोयत ने इसका पूरा श्रेय अपने माता-पिता और गुरुजनों के मार्गदर्शन को दिया है। उन्होंने कहा कि यह सफलता मेरे माता-पिता के अटूट विश्वास, त्याग और मेरे गुरुजनों के सही मार्गदर्शन का परिणाम है। जब भी पढ़ाई के दौरान कठिन समय आया, परिवार और शिक्षकों ने हमेशा मेरा हौसला बढ़ाया। सही दिशा में निरंतर अभ्यास और अनुशासन से कोई भी लक्ष्य हासिल किया जा सकता है।

साधारण परिवार से ताल्लुक रखती हैं महक

महक गोयत ने साधारण परिवार से निकलकर असाधारण सफर तय किया है और उनकी यह सफलता बेहद प्रेरणादायक है। महक के पिता वीरेंद्र सिंह राजकीय प्राथमिक पाठशाला, नरवाना में प्राथमिक शिक्षक हैं जबकि माता निर्मला गोयत एक गृहिणी हैं। अपनी बेटी की इस उपलब्धि पर पिता वीरेंद्र गोयत ने संदेश साझा करते हुए कहा कि एक शिक्षक और पिता के रूप में आज मेरा सिर गर्व से ऊंचा हो गया है। महक ने शुरुआत से ही अपनी पढ़ाई के प्रति अद्भुत समर्पण दिखाया है। उसने साबित कर दिया है कि यदि इरादे मजबूत हों, तो संसाधन कभी बाधा नहीं बनते। हमारी बेटियां हर क्षेत्र में नए कीर्तिमान स्थापित कर रही हैं।

शैक्षणिक सफर में पहले भी जीते हैं कई पदक

महक गोयत शुरू से ही मेधावी छात्रा रही हैं और उन्होंने अपनी हर परीक्षा में उत्कृष्ट प्रदर्शन किया है। कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के वनस्पति विज्ञान विभाग में वर्ष 2025 में 90.60 प्रतिशत अंक प्राप्त कर महक स्वर्ण पदक विजेता रही हैं। इसके अलावा के.एम. राजकीय महाविद्यालय, नरवाना से बी.एससी. मेडिकल की पढ़ाई के दौरान चौधरी रणबीर सिंह विश्वविद्यालय की परीक्षाओं में 89.31 प्रतिशत अंक हासिल कर उन्होंने शीर्ष स्थान यानी पहला स्थान प्राप्त किया था।

समाज और क्षेत्र के लिए प्रेरणा

महक गोयत की इस शानदार उपलब्धि पर बधाई देते हुए मीडिया समन्वयक अनिल शर्मा ने कहा कि ग्रामीण आंचल की बेटियों का इस स्तर पर राष्ट्रीय पहचान बनाना संपूर्ण समाज के लिए प्रेरणादायक है। अनिल शर्मा प्रशिक्षित स्नातक शिक्षक संगीत के पद पर राजकीय कन्या वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय नरवाना में कार्यरत हैं। महक गोयत ने सीएसआईआर-नेट जैसी कठिन परीक्षा में 26वीं रैंक हासिल कर न केवल अपने गांव बेलारखा, बल्कि पूरे नरवाना क्षेत्र का गौरव बढ़ाया है। उनकी यह सफलता अन्य विद्यार्थियों को भी उच्च शिक्षा व अनुसंधान के क्षेत्र में आगे बढ़ने के लिए प्रेरित करेगी। महक की इस उपलब्धि पर परिजनों, ग्रामीणों एवं शुभचिंतकों ने उन्हें बधाई दी है। सभी ने उनके उज्ज्वल भविष्य और विद्यावाचस्पति अनुसंधान के नए सफर के लिए ढेरों शुभकामनाएं दी हैं।

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