नारनौल: सीजेपी प्रदर्शन में शामिल होने पर निलंबित हुए प्राचार्य नरेश कुमार की होगी बहाली

नारनौल: सीजेपी प्रदर्शन में शामिल होने पर निलंबित हुए प्राचार्य नरेश कुमार की होगी बहाली

नारनौल में सीजेपी प्रदर्शन के दौरान विद्यार्थियों द्वारा स्कूल के बाहर भाजपा के खिलाफ नारेबाजी करने और प्रोटेस्ट का समर्थन करने के मामले में निलंबित किए गए प्राचार्य नरेश कुमार को दोबारा कार्यभार ग्रहण कराया जाएगा। पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट द्वारा उनके निलंबन आदेश पर रोक लगाए जाने के बाद हरियाणा विद्यालय शिक्षा निदेशालय ने यह निर्देश जारी किए हैं।

शिक्षा निदेशालय ने जिला शिक्षा अधिकारी को दिए निर्देश

AtalHind की हर खबर सबसे पहलेJoin Channel

गुरुवार को विद्यालय शिक्षा निदेशालय की ओर से जिला शिक्षा अधिकारी, नारनौल को पत्र जारी किया गया। इस पत्र में यह जानकारी दी गई कि प्राचार्य नरेश कुमार को 19 जुलाई 2026 को निलंबित किया गया था। इस निलंबन के खिलाफ उन्होंने पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में याचिका दायर की थी। निदेशालय ने हाईकोर्ट के आदेश के अनुपालन में जिला शिक्षा अधिकारी को यह निर्देश दिए हैं कि नरेश कुमार को राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय, कनीना मंडी में पुनः कार्यभार ग्रहण कराया जाए। साथ ही कार्यभार ग्रहण करने की सूचना तुरंत निदेशालय को भेजने के लिए कहा गया है।

हाईकोर्ट में मामले की अगली सुनवाई 10 फरवरी 2027 को होगी

मामले की सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट में राज्य सरकार की ओर से अतिरिक्त महाधिवक्ता राहुल देव सिंह उपस्थित हुए। अदालत ने सरकार को इस मामले में अपना जवाब दाखिल करने के लिए समय दिया है। इस मामले की अगली सुनवाई 10 फरवरी 2027 को निर्धारित की गई है। अदालत ने अंतरिम आदेश देते हुए 19 जुलाई 2026 के निलंबन आदेश पर रोक बरकरार रखने के निर्देश दिए हैं।

छात्रों के प्रदर्शन के बाद हुई थी निलंबन की कार्रवाई

प्राचार्य नरेश कुमार को सीजेपी प्रोटेस्ट के दौरान विद्यार्थियों द्वारा स्कूल के बाहर भाजपा के खिलाफ नारेबाजी करने और प्रोटेस्ट का समर्थन करने के मामले में निलंबित किया गया था। उस समय विद्यार्थियों ने स्कूल से बाहर जाकर प्रदर्शन किया था। इस घटना के बाद शिक्षा विभाग ने प्राचार्य के खिलाफ निलंबन की कार्रवाई की थी। इस प्राचार्य के निलंबन के विरोध में जिले के कई शिक्षा अधिकारियों ने भी निलंबन वापस लेने की मांग को लेकर उपायुक्त को ज्ञापन सौंपा था।

Share:

Comments

Leave a comment