Tuesday, June 25, 2019
 
BREAKING NEWS
लुप्त हुए "तरावड़ी गेट' और 'बाजारी गेट' कुछ हिस्सा बचने पर ऐतिहासिक करनाली गेट का होगा पुन: निर्माणइंडिया टीम में तेज गेंदबाजी कर परचम लहराऐगा तरावड़ी का नवदीप सैणीनशा मुक्ति दिवस पर 26 जून को सैमिनार, बुद्धिजिवी वर्ग तथा सामाजिक संस्थाए करेंगी प्रतिभागी प्रधानमंत्री श्रम योगी मानधन योजना लागू ,गरीब व्यक्ति को भी आर्थिक लाभ मिलेगा -डीसी दीपेंद्र को हरियाणा कांग्रेस प्रधान बनवाने के लिए बड़ी ताकतें हुई लामबंद,कांग्रेस के आधा दर्जन बड़े नेता कर रहे सामूहिक प्रयासनगर परिषद कैथल के सफाई कर्मचारियों ने सर्वसम्मति से अंगूरी देवी को चुना प्रधान पत्रकार संघ के प्रदेशाध्यक्ष बने तरावड़ी के संजीव चौहानलाड़वा हल्के मे मल्टीपल खेल स्टेडिरूम बनवाना होगा प्राथमिकता : संदीप गर्गमुख्यमंत्री मनोहर लाल के नेतृत्व मे लाड़वा हल्के ने छुए विकास के नए आयाम : पवन सैनी भाजपा विधायक ने मंत्री के सामने लगाए एसपी मुर्दाबाद के नारे

Fashion/Life Style

सोनीपत,ओउम् ही सृष्टि का पहला शब्द जिसमें निहित ब्रह्मज्ञान : डा. शिखा

April 10, 2018 05:34 PM
रणबीर रोहिल्ला

सोनीपत, ओउम् ही सृष्टि का पहला शब्द जिसमें निहित ब्रह्मज्ञान : डा. शिखा
जीवीएम में हैप्पिनेस प्रोग्राम के दूसरे दिन योग-मेडिटेशन का कराया अभ्यास

रणबीर रोहिल्ला, सोनीपत।

 

ओउम्, ऐसा शब्द जिसमें संपूर्णता है। सृष्टि की रचना के साथ पहले शब्द के रूप में ओउम् का उच्चारण किया गया। ओउम् शब्द में ही ब्रह्मज्ञान समाहित है, जिसे समझने के पश्चात् कुछ भी शेष नहीं रह जाता। यह कहना है आर्ट ऑफ लिविंग की योगाचार्या डा. शिखा खुराना का। डा. शिखा खुराना जीवीएम गल्र्ज कालेज में अंग्रेजी विभाग के संयोजन में आयोजित हैप्पिनेस प्रोग्राम में हिस्सा लेने वाली प्राध्यापिकाओं को मुख्य वक्ता के रूप में संबोधित कर रही थी। आर्ट ऑफ लिविंग के सहयोग से आयोजित कार्यक्रम में बड़ी संख्या में कालेज की प्राध्यापिकाएं हिस्सा ले रही हैं। कालेज की शिक्षिकाओं को योगाभ्यास तथा मेडिटेशन का प्रशिक्षण देते हुए डा. शिखा खुराना ओउम् पर व्याख्यान दिया। ओउम् ध्वनि पर भजनों की प्रस्तुति दी गई, जिन पर थिरकते हुए प्राध्यापिकाओं को दैवीय अनुभूति कराने का प्रयास किया गया। शिक्षिकाओं को भौतिकवाद से ऊपर उठाते हुए आत्मबोध की ओर ले जाने का भरसक प्रयास किया गया, जिसके लिए योग, मेडिटेशन तथा भजनों का सहारा लिया गया। डा. शिखा खुराना की सह-संयोजक पुष्पा तिवारी ने कार्यक्रम के दौरान सुदर्शन क्रिया का अभ्यास कराया। उन्होंने शक्तिशाली श्वांस क्रियाओं एवं तकनीकों का भी प्रशिक्षण दिया। इस दौरान प्रतिभागी प्राध्यापिकाओं ने अपने अनुभव भी साझा किये, जिसमें कार्यक्रम की संयोजक कमलेश चोपड़ा ने कहा कि निश्चित तौर पर कहा जा सकता है कि यह हैप्पिनेस प्रोग्राम उनके अंदर खुशी का संचार कर रहा है। कार्यक्रम के आयोजन के लिए संस्था के प्रधान डा. ओपी परूथी व प्राचार्या डा. ज्योति जुनेजा ने बधाई देेते हुए शुभकामनाएं दी। उन्होंने कहा कि तनाव भरे दौर में इस प्रकार के कार्यक्रमों की अत्यधिक आवश्यकता है। इससे कार्यस्थल तथा घर-परिवार में सामंजस्य स्थापित करने में मदद मिलती है। तनाव को खुद से दूर करने में सहायता मिलती है, जिससे कार्यक्षमता प्रभावित नहीं होती।

Have something to say? Post your comment

More in Fashion/Life Style

अनुराधा गुप्ता ने नरेंद्र मोदी के लिए अविस्मरणीय यादें समेटी

गुड़गांव के सेक्टर 29 सुशांत लोक में kraantz आर्ट गैलरी

NATIONALITIES ADD COLOR, CULTURAL TEXTURES, HOOSIER INTERNATIONAL SPIRIT TO THE 2019 IPL 500 FESTIVAL PARADE

विधवा थी पर श्रृंगार ऐसा कर के रखती थी कि पूछो मत , पूरी कॉलोनी में उनके चर्चे थे

कक्षा 5 की क्लास टीचर थी ,कक्षा मे आते ही हमेशा "LOVE YOU ALL" बोला करतीं थी

डॉ सुलक्षणा ने शिक्षा मंत्री को भेंट किया अपना हरियाणवी संग्रह

उर्मिला बूरा को मिलेगा संस्कृति रक्षक अवार्ड

popular models and celebrities who rocked the ramp with apparels,

जिस दिन स्त्री खुद को खुद की नज़रों से देखेगी दुनिया की नहीं उस दिन उसकी सौंदर्य की परिभाषा भी बदल जाएगी

23 कन्याओं के विवाह का साक्षी बनेगा शहर नरवाना