भारत पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल में धूमधाम से मनाया गया रक्षाबंधन का पर्व, पूर्व सांसद कैलाशो सैनी ने दी शुभकामनाएं

भारत पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल में धूमधाम से मनाया गया रक्षाबंधन का पर्व, पूर्व सांसद कैलाशो सैनी ने दी शुभकामनाएं

रक्षा बन्धन का त्यौहार विश्वास,सम्मान,सुरक्षा और प्रेम का प्रतीक : कैलाशो सैनी

बाबैन /सुरेश अरोड़ा /27 अगस्त 2026 /अटल हिन्द न्यूज रिसोर्स

भारत पब्लिक सीनियर सेकेंडरी स्कूल में भाई-बहन के अटूट प्रेम, स्नेह और विश्वास का प्रतीक रक्षाबंधन पर्व बड़ी धूमधाम एवं उत्साह के साथ मनाया गया। विद्यालय परिसर में आयोजित समारोह का वातावरण प्रेम, उमंग और भारतीय संस्कृति के रंगों से सराबोर नजर आया। कार्यक्रम के दौरान छात्राओं ने अपने भाइयों की कलाई पर सुंदर एवं रंग-बिरंगी राखियां बांधकर उनके सुख, समृद्धि और उज्ज्वल भविष्य की कामना की। छात्रों ने भी अपनी बहनों के प्रति प्रेम, सम्मान और सदैव साथ निभाने का संकल्प लिया।

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विद्यार्थियों ने दिखाई रचनात्मकता और सांस्कृतिक गतिविधियां

विद्यार्थियों ने स्वयं आकर्षक राखियां तैयार कर अपनी रचनात्मक प्रतिभा का मनमोहक प्रदर्शन किया। इस अवसर पर राखी मेकिंग, थाली सजावट एवं सांस्कृतिक गतिविधियों का भी आयोजन किया गया। नन्हे-मुन्ने विद्यार्थियों की मासूम मुस्कान और उत्साह ने समारोह की खूबसूरती को और बढ़ा दिया। रंग-बिरंगी राखियों और सजी हुई थालियों ने विद्यालय परिसर को उत्सवमय बना दिया।

पूर्व सांसद कैलाशो सैनी और प्रिंसिपल सुनीता खन्ना के विचार

पूर्व सांसद प्रोफेसर कैलाशो सैनी ने विद्यार्थियों को रक्षाबंधन के महत्व से अवगत कराते हुए कहा कि यह पर्व केवल भाई की कलाई पर राखी बांधने तक सीमित नहीं है, बल्कि प्रेम, विश्वास, सम्मान, सुरक्षा और आपसी जिम्मेदारी का प्रतीक है। ऐसे पर्व बच्चों को अपनी संस्कृति और संस्कारों से जोड़ने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। विद्यालय की प्रिंसिपल सुनीता खन्ना ने सभी विद्यार्थियों को रक्षाबंधन की हार्दिक शुभकामनाएं देते हुए कहा कि रिश्तों की असली खूबसूरती उपहारों में नहीं, बल्कि एक-दूसरे के प्रति सम्मान, विश्वास और निस्वार्थ प्रेम में होती है। समारोह के अंत में विद्यालय परिवार ने सभी को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं। अंत में प्रिंसिपल सुनीता खन्ना ने बड़ी ही खूबसूरत लाइनें के द्वारा राखी सिर्फ कलाई पर बांधने वाला धागा नहीं, यह बहन की दुआ और भाई के स्नेह का प्रतीक है। यह उसे रिश्ते का नाम है, जिसमें शिकायतें बहुत है, मगर प्यार उससे भी ज्यादा है।

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