शिव भक्ति के बिना राम-कृष्ण भक्ति भी संभव नहीं : आचार्य राजेंद्र जी महाराज

शिव भक्ति के बिना राम-कृष्ण भक्ति भी संभव नहीं : आचार्य राजेंद्र जी महाराज

शिव भक्ति के बिना राम-कृष्ण भक्ति भी संभव नहीं - आचार्य राजेंद्र जी महाराज

कैलाश सिंगला ने श्रद्धालुओं से कथा का लाभ उठाने का किया आह्वान

नरेंद्र जेठी/नरवाना  /15 सितंबर 2026 /अटल हिन्द न्यूज रिसोर्स

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श्री सिद्धिविनायक सेवा समिति द्वारा नरवाना के हुड्डा ग्राउंड, रेलवे रोड पर श्री शिव महापुराण कथा का आयोजन किया जा रहा है। कथा के द्वितीय दिवस पर वृंदावन से पधारे अंतरराष्ट्रीय ख्याति प्राप्त शिव महापुराण कथा प्रवक्ता आचार्य राजेंद्र जी महाराज ने श्रद्धालुओं को संबोधित किया। उन्होंने भगवान शिव की महिमा का विस्तार से वर्णन करते हुए कहा कि शिव भक्ति के बिना राम-कृष्ण भक्ति भी संभव नहीं है।

शिव महापुराण कथा का महत्व और दिव्य स्वरूप

कथा व्यास ने शिव महापुराण के महत्व, भगवान शिव के दिव्य स्वरूप तथा शिव महिमा से जुडी कथाओं का विस्तारपूर्वक वर्णन किया। उन्होंने भगवान शिव की पूजा, उनके लिंग स्वरूप एवं साकार विग्रह के आध्यात्मिक रहस्य को भी श्रद्धालुओं के समक्ष सरल भाषा में समझाया। इस दौरान माता पार्वती के तप, भगवान शिव को पति रूप में प्राप्त करने के उनके संकल्प तथा भगवान शिव और माता पार्वती के पुनर्मिलन से जुडे प्रसंगों का भावपूर्ण वर्णन किया गया। कथा में हरितालिका तीज के महत्व का भी उल्लेख किया गया।

शिव पुराण में वर्णित श्लोक और महिमा

आचार्य राजेंद्र जी महाराज ने बताया कि शिव पुराण भगवान शिव की महिमा, उपासना और उनके दिव्य स्वरूप का पवित्र एवं विस्तृत ग्रंथ है। इसमें लगभग 24000 श्लोक हैं, जिनमें भगवान शिव की महिमा और भक्ति का सुंदर वर्णन मिलता है। आयोजक कैलाश सिंगला ने श्रद्धालुओं से आह्वान किया कि वे अधिक से अधिक संख्या में कथा में पहुंचकर भगवान शिव की महिमा का श्रवण करें और आध्यात्मिक लाभ प्राप्त करें।

कथा के दूसरे दिन की पूजा और गणमान्य व्यक्ति

इस अवसर पर श्री सिद्धिविनायक सेवा समिति के सभी पदाधिकारी, सदस्य एवं सैंकडों की संख्या में श्रद्धालु उपस्थित रहे। दूसरे दिन की पूजा पुरुषोत्तम सिंगला एवं उनकी धर्मपत्नी व मोनू मुक्ता राइस मिल एवं उनकी धर्मपत्नी तथा समिति के सभी सदस्यों द्वारा की गई। शिव गोरा जागरण मंडल के प्रधान कुलदीप कौशिक को सम्मानित किया गया। समिति पदाधिकारियों ने शहर और आसपास के लोगों से अपील की कि वह उत्सव के दौरान होने वाली इस कथा में अपनी उपस्थिति दर्ज करवाएं और पुण्य के भागी बनें। इस मौके पर पूर्व प्रधान नरेश जैन, राकेश शर्मा, संयोजक विनोद मंगला, कैशियर जयपाल बंसल, सलाहकार देवीराम गर्ग, सतीश बंसल, जितेंद्र जिंदल, राजेश बाता, पवन मित्तल, पंडित रोशन लाल वेदपाठी, मास्टर किशोरी लाल, संजय दीवान, अमन जांगडा, रमेश लोधर, अर्जुन गोयल व अन्य गणमान्य व्यक्ति मौजूद रहे।

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