कॉमरेड सीताराम येचुरी की दूसरी बरसी पर नरवाना में आयोजित हुआ विशेष सेमिनार

कॉमरेड सीताराम येचुरी की दूसरी बरसी पर सेमिनार आयोजित
नरेंद्र जेठी/नरवाना /12 सितंबर 2026 /अटल हिन्द न्यूज रिसोर्स
भारत की कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) नरवाना लोकल कमेटी द्वारा कॉमरेड सीताराम येचुरी की दूसरी बरसी के अवसर पर एक विशेष सेमिनार का आयोजन किया गया। यह कार्यक्रम आज शहीद भगत सिंह अध्ययन केंद्र, नरवाना में संपन्न हुआ। इस सेमिनार का मुख्य विषय साम्राज्यवाद और साम्प्रदायिकता के विरोध में रखा गया था।
माकपा के राज्य सचिवमंडल सदस्य रहे मुख्य वक्ता
इस सेमिनार में मुख्य वक्ता के रूप में माकपा के राज्य सचिवमंडल सदस्य कॉमरेड इंद्रजीत सिंह मौजूद रहे। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि साम्राज्यवाद और साम्प्रदायिकता के खिलाफ सीताराम येचुरी का वैचारिक और व्यवहारिक संघर्ष आज के दौर में और भी अधिक प्रासंगिक बन चुका है। उनका पूरा जीवन छात्र आंदोलन से लेकर अंत तक देश की धर्मनिरपेक्षता और मेहनतकशों की एकता को समर्पित रहा था।
येचुरी का जीवन बना महत्वपूर्ण प्रेरणा स्रोत
उन्होंने आगे कहा कि ऐसे हालातों में जब दुनिया एक बार फिर साम्राज्यवादी युद्धों की चपेट में आ चुकी है, दक्षिण पंथी शक्तियां लगातार उभार पर हैं और भारत में साम्प्रदायिकता अपने चरम बिंदु पर पहुँच चुकी है, ऐसी परिस्थितियों से निपटने में सीताराम येचुरी का जीवन एक महत्वपूर्ण प्रेरणा स्रोत बन जाता है। वे आजीवन सामाजिक सद्भाव, स्वतंत्रता, समानता और भाईचारे के लिए समाजवादी विचारों पर पूरी तरह अडिग रहे और पार्टी के लिए विचारधारात्मक आधार तैयार करते रहे।
पूंजीवाद का एकमात्र विकल्प समाजवाद
सोवियत संघ के पतन के बाद जब दुनिया समाज के पतन की घोषणा करने में लगी थी, ऐसे कठिन समय में कॉमरेड सीताराम येचुरी ने यह ऐलान किया था कि पूंजीवाद का केवल एक ही विकल्प मौजूद है और वह विकल्प समाजवाद है। आज भारत की कम्युनिस्ट पार्टी के प्रत्येक सदस्य को यह सख्त जरूरत है कि वे सीताराम येचुरी के विचारों को आम जनता के बीच लेकर जाएं।
सेमिनार का संचालन और प्रमुख उपस्थिति
इस सेमिनार का सफल संचालन नरवाना लोकल कमेटी के सचिव नरेश दनौदा द्वारा किया गया तथा इस कार्यक्रम की अध्यक्षता मास्टर बलबीर सिंह ने की। इस विशेष मौके पर जिला सचिव कपूर अहिरका, कॉमरेड सतबीर खरल, चांद बहादुर, मास्टर सतबीर सिंह, डिंपल, विरेंद्र उचाना, धर्मवीर कलौदा, विक्रम सिंह और जगवंती सहित बड़ी संख्या में पार्टी के कार्यकर्ता और युवा साथी शामिल रहे। अंत में सभी ने कॉमरेड सीताराम येचुरी की स्मृति को नमन करते हुए उन्हें अपनी विनम्र श्रद्धांजलि दी।