सोनीपत में डेयरी शिफ्टिंग को लेकर अहम बैठक: डेरी काम्प्लेक्स के लिए 56 एकड़ जमीन रिज़र्व

सोनीपत में डेयरी शिफ्टिंग को लेकर आयोजित महत्वपूर्ण बैठक में प्लाट के रेट जल्द से जल्द तय करके सरकार को भेजने के निर्देश दिए गए हैं। यह निर्देश इसलिए दिए गए हैं ताकि डेयरी शिफ्ट होकर सीवर जाम होने की समस्या से पूरी तरह छुटकारा मिल सके। इसके लिए 56 एकड़ जमीन डेरी काम्प्लेक्स के लिए विशेष रूप से रिज़र्व रखी गई है।
सोमवार को हुई इस उच्च स्तरीय बैठक में कई प्रमुख अधिकारी उपस्थित रहे। इस बैठक में रोहतक मंडल आयुक्त मोनिका मलिक, नगर निगम मेयर राजीव जैन, और उपायुक्त नेहा सिंह शामिल थीं। इसके अलावा निगम आयुक्त हर्षित कुमार, सह आयुक्त मीतू धनखड़, जिला राजस्व अधिकारी सुशील शर्मा, जिला नगर योजनाकार राजेंद्र शर्मा, और कार्यकारी अभियंता राहुल पुनिया समेत कई अधिकारी भी इस बैठक में उपस्थित रहे।
प्लाट के रेट तय ना होने के कारण लंबित पड़ा है मामला
बैठक के दौरान मेयर राजीव जैन ने महत्वपूर्ण जानकारी साझा की। उन्होंने बताया कि वर्ष 2017 में डेयरियों के लिए गांव हरसाना एवं देवडु गांव में जमीन चिन्हित की गई थी। लेकिन तब से लेकर अब तक रेट तय ना होने के कारण यह पूरा मामला लंबे समय से लंबित पड़ा हुआ है।
मेयर जैन ने इस बात का भी खुलासा किया कि वर्ष 2021 में डेयरी मालिकों ने प्लाट के रेट वाजिब ना होने के कारण 11 हजार रूपये गज के हिसाब से भी प्लाट नहीं खरीदे थे। उन्होंने यह महत्वपूर्ण सुझाव दिया कि कलेक्टर रेट में डेयरी काम्प्लेक्स पर आने वाला खर्च जोड़कर नो प्रॉफिट नो लॉस की पद्धति पर चलते हुए प्लाट आबंटित किये जाने चाहिए। मेयर का मानना है कि इस तरीके से ही शहर से डेयरी सही प्रकार से शिफ्ट हो सकेंगी।
निगम की योजना 200, 300 और 500 गज के प्लाट देने की
निगम आयुक्त हर्षित कुमार ने बैठक में विस्तृत योजना की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि गांव हरसाना में 16 एकड़ तथा गांव देवडु में 40 एकड़ जमीन डेयरी काम्प्लेक्स के लिए रिज़र्व रखी गई है। निगम की मुख्य योजना डेयरी मालिकों को 200, 300, एवं 500 गज के प्लाट देने की है।
इस योजना का मुख्य उद्देश्य शहर के गली मोहल्लों में खुली हुई छोटी छोटी डेयरियों को पूरी तरह से बंद करना है। निगम आयुक्त हर्षित कुमार ने बैठक में सभी अधिकारियों को आश्वस्त किया कि आगामी एक सप्ताह के अंदर इस पूरे मामले का प्रपोजल तैयार कर दिया जायेगा।