जींद से स्टडी वीजा पर यूरोप गए युवक की डूबने से मौत, 10 लाख रुपये खर्च करके शव लाया गया गांव

जींद जिले के चांदपुर गांव के रहने वाले 22 वर्षीय निहाल सिंह की यूरोप में डूबने से मौत हो गई है। वह लगभग नौ महीने पहले स्टडी वीजा पर विदेश गए थे। मॉल्डोवा के चिशिनाउ सिटी में रहकर होटल मैनेजमेंट का कोर्स कर रहे थे। पढ़ाई के साथ-साथ वह वहां एक होटल में पार्ट टाइम डिलीवरी ब्वाय का काम भी करते थे। हादसे के बाद उनका शव करीब 10 लाख रुपये खर्च करके गांव लाया गया। रविवार को गांव पहुंचने पर उनकी बड़ी बहन ने उनका अंतिम संस्कार किया।
मॉल्डोवा में हुआ हादसा
मृतक निहाल सिंह मॉल्डोवा में अपने दोस्तों के साथ वीकएंड पर समुद्र घूमने गए थे। जिस बोट में वह बैठे थे, अचानक से वह डूबने लगी। समुद्र में डूबने से युवक की मौत हो गई। मृतक के चचेरे भाई प्रवीन कुमार ने बताया कि 31 जुलाई को निहाल दोस्तों के साथ घूमने गए थे। इसी दौरान मॉल्डोवा की समुद्र से लगती निस्ट्रू रिवर में हुए हादसे में वह डूब गए। हादसे के बाद उनका शव भारत लाने में 17 दिन का समय लग गया।
परिवार की आर्थिक स्थिति और कर्ज
युवक के परिवार की आर्थिक स्थिति ठीक नहीं है। युवक के पिता कृष्ण कुमार की सात साल पहले हार्ट अटैक से मौत हो चुकी है। इसके बाद उनकी मां सुनीता देवी ने दोनों बच्चों का पालन पोषण किया। घर के पास उनकी करियाना की दुकान है। निहाल परिवार के इकलौते कमाने वाले थे। मां ने रिश्तेदारों से पैसे उधार लेकर अपने इकलौते बेटे को विदेश भेजा था। निहाल को विदेश भेजने में परिवार ने करीब 15 लाख रुपये खर्च किए थे। मां सुनीता देवी के पास इतने पैसे नहीं थे, इसलिए रिश्तेदारों और जानकारों से रकम जुटाई गई थी। अब शव को भारत लाने में भी करीब 10 लाख रुपये खर्च हुए हैं। इस राशि में से कुछ रकम परिवार ने और कुछ भाईचारे से जुटाई गई। शव गांव पहुंचने के बाद पूरे परिवार में मातम छा गया है।