दुकानदारों में मचा हडकंप, कृष्ण बेदी से मिलेंगे दुकानदारनरवाना /नरेंद्र जेठी
शनिवार को नगर परिषद नरवाना ने ओल्ड कोर्ट रोड के लगभग 200 दुकानदारों को उनकी दुकानों के सामने बने चबूतरे और सीढियां सात दिनों में हटाने के नोटिस जारी कि ए हैं। नोटिस मिलने के बाद दुकानदारों में हडकंप मच गया। जिन दुकानदारों ने नोटिस नहीं लिए या दुकानदार नहीं मिले उनकी दुकानों के सामने नोटिस चस्पा कर दिए गए। नगर परिषद के सचिव के हवाले बांटे गए नोटिस में लिखा गया है कि उन्होंने हरियाणा नगर पालिका अधिनियम 1973 की धारा 181 की अवहेलना की है जो गैरकानूनी है। दुकानदार 7 दिनों में अपने कथित निर्माण हटा लें अन्यथा आप पर दस हजार रूपये तक जुर्माना व छह माह की सजा हो सकती है।
गौरतलब कि 2012 में शहर की ओल्ड कोर्ट रोड के लेबल को नीचे कर दिया गया था। जिसके बाद दुकानें उंची हो गई और दुकानदारों ने नाले पर सीढियां बना ली। नालों में कहीं से पानी गया वह भी रोड पर आ गया। नगर परिषद ने पिछले 14 वर्षों में कोई संज्ञान नहीं लिया। जबकि इस रोड और नाले का निर्माण पीडब्बलूडी बी एंड आर विभाग ने करवाया था। आज यह भी साफ नहीं है कि यह रोड किस विभाग के पास है। नालों की सफाई के बाद पानी कहां जाएगा यह भी साफ नहीं है।
शुक्रवार को कई दुकानदार कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी से मिले थे। मंत्री ने दुकानदारों को आश्वास्त किया था कि उन्हें कोई समस्या नहीं आने दी जाए। इसके बावजूद नगर परिषद ने दुकानदारों को नोटिस जारी कर दिए। दुकानदारों का कहना है कि नगर परिषद के अधिकारी उनकी दिक्कत को नहीं समझ रहे। सीढियां तोडे जाने के बाद उन्हें अपनी दुकानें और घरों में जाने में परेशानी आएगी। नालों में पानी जाने से कोई समस्या का हल नहीं होगा। दुकानदारों ने बताया कि नाले उंचे हैं और रोड नीचे है। और बारिश में इतना पानी हो जाता है कि वाहनों को भी निकलने में दिक्कत आती है। रविवार को दुकानदार दोबारा से मंत्री कृष्ण बेदी से मिलकर नोटिस जारी करने का मामला संज्ञान में लाएंगे। गौरतलब कि दुकानदार फिलहाल अपनी सीढियां हटाने के मूड में नहीं हैं क्योंकि उन्हें सीढियां हटाने के बाद और ज्याद दिक्कतों का सामना करना पडेगा। कई दुकानदारों का कहना है कि नगर परिषद के अधिकारी शहर में सफाई व्यवस्था पर तो कोई ध्यान नहीं दे रहे। बस उन्हें दुकानदारों को तंग करना है।


