किसानों की समस्याएं जानने रेवाड़ी अनाज मंडी पहुंचा लोक सेवा मंच का प्रतिनिधिमंडल
किसानों ने मंच के पदाधिकारियों से समाधान की आवाज बुलंद करने का जोरदार आग्रह किया
‘घाटे का सौदा बन चुकी कृषि, किसान बेहद चिंतित’
लोक सेवा मंच के मेगा मिशन जनसंपर्क अभियान से समाज में जग रही न्याय की आस
प्रत्येक किसान को न्यूनतम ₹ 1 करोड़ का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा निःशुल्क उपलब्ध कराने की उठी जोरदार मांग
रेवाड़ी /24 अप्रैल/अटल हिद ब्यूरो
‘मेगा मिशन जनसंपर्क अभियान’ के तहत राष्ट्रीय सामाजिक संगठन लोक सेवा मंच का एक प्रतिनिधिमंडल किसानों से मिलने स्थानीय अनाज मंडी पहुंचा । मंच के पदाधिकारियों से बातचीत में किसानों ने अपनी ज्वलंत समस्याओं से अवगत कराते हुए समाधान की आवाज बुलंद करने का आग्रह किया ।
राष्ट्रीय प्रगतिशील विचारक एवं सामाजिक कार्यकर्ता अशोक प्रधान लोक सेवा मंच सहित कोर कमेटी के सदस्य महेश कौशिक, बीके राम सिंह आदि से बातचीत करते हुए किसानों ने समस्याएं बताने की झड़ी लगा दी । उन्होंने कहा कि दिनोंदिन बढ़ती महंगाई,फसलों के लिए आवश्यक खाद-बीज,पानी आदि चीजें वांछित मात्रा में तथा उचित समय व रेट पर नहीं मिल पाने आदि के कारण अब खेती घाटे का सौदा बनती जा रही है । उन्होंने कहा कि सरकार को चाहिए कि हरित क्रांति की तर्ज पर कृषि को बढ़ावा देने और किसानों को घाटे से उबारने के लिए राष्ट्रीय स्तर पर विशेष अभियान चलाया जाए । किसानों की चिंता इस बात को लेकर भी है कि भूमिगत जलस्तर बहुत नीचे चला गया है,इसलिए सरकार को अतिशीघ्र नहरी पानी आधारित सिंचाई योजनाओं का जाल बिछाना चाहिए ।
अनेक किसानों ने बताया कि बीते दिनों हुई ओलावृष्टि से फसलों को हुए नुकसान का मुआवजा अभी तक नहीं मिला है । किसानों का कहना है कि सरसों का सरकार द्वारा खरीद रेट 6250 रुपए प्रति क्विंटल निर्धारित किया गया है , इसलिए सभी किसानों की सरसों की खरीद सरकारी रेट अथवा उससे ऊपर के रेट्स पर ही होनी चाहिए तथा निर्धारित रेट से नीचे के रेट की खरीद पर तुरंत रोक लगाई जाए । 

किसान रामावतार, जयलाल, तेजपाल, रामेहर, मदन सिंह , रामनिवास, लक्ष्मीनारायण, चंदूलाल आदि ने बताया कि किसानों को हर वर्ष डीएपी खाद टाइम पर और पूरी मात्रा में नहीं मिलने का खासा नुकसान उठाना पड़ता है । सरकार को पर्याप्त मात्रा में डीएपी खाद समय पर उपलब्ध करानी चाहिए ।
किसानों से बातचीत करते हुए सामाजिक कार्यकर्ता अशोक प्रधान ने आवश्यकता जताई कि जनहित में सामाजिक सुरक्षा के तहत प्रत्येक अन्नदाता किसान को कम से कम एक करोड़ रुपए का व्यक्तिगत दुर्घटना बीमा कवर सरकार को व्यापक जनहित में नि:शुल्क उपलब्ध कराना चाहिए ताकि किसान के साथ कोई दुर्घटना होने पर उसके परिवार को आर्थिक सुरक्षा प्रदान की जा सके । उन्होंने कहा कि किसानों की समस्याओं को जानने और समझने का सिलसिला आगे भी जारी रहेगा । उन्होंने कहा कि किसानों की समस्याओं का फाइनल मसौदा तैयार होने पर मुख्यमंत्री व प्रधानमंत्री को पत्र लिखे जाएंगे तथा समाधान होने तक मंच का मेगा मिशन जनसंपर्क अभियान जनहित में जारी रहेगा ।
Add A Comment


