चीका नगरपालिका सचिव सस्पेंड: रजिस्टर गायब और करोड़ों के घोटाले के आरोप, कैथल में बड़ा मामला
चीका (कैथल )/6 मई /अटल हिन्द/नरेश कुमार
कैथल: चीका नगरपालिका के सचिव जितेंद्र कुमार को विकास कार्यों में कथित अनियमितताओं के आरोपों के चलते निलंबित कर दिया गया है। इस संबंध में जानकारी देते हुए कैथल डीएमसी कपिल कुमार ने बताया कि सचिव के सस्पेंड होने की सूचना ईमेल के माध्यम से प्राप्त हुई है।
जानकारी के अनुसार वार्ड नंबर-2 के पार्षद दलबीर सीड़ा ने सचिव जितेंद्र कुमार के खिलाफ शिकायत दर्ज करवाई थी। दलबीर सीड़ा का आरोप है कि काफी समय से नगरपालिका का रजिस्टर नंबर-35 गायब है।
उन्होंने कहा कि कई बार मांग करने के बावजूद सचिव ने यह रजिस्टर उनके सामने पेश नहीं किया। सीड़ा के मुताबिक इसी रजिस्टर में विकास कार्यों से जुड़े कथित भ्रष्टाचार की जानकारी दर्ज थी और रजिस्टर सामने आने पर कई राज खुल सकते थे।
दलबीर सीड़ा ने आरोप लगाया कि पिछले वर्ष वार्ड नंबर-2 और वार्ड नंबर-15 में गलियों के निर्माण के नाम पर नगरपालिका की ओर से ठेकेदारों को लाखों रुपये का भुगतान किया गया, जबकि मौके पर किसी भी गली का निर्माण नहीं हुआ।
उन्होंने कहा कि इस मामले की विजिलेंस जांच करवाई गई, लेकिन जांच के दौरान सचिव पर साइटों के साथ छेड़छाड़ कर सबूत मिटाने और रिकॉर्ड उपलब्ध नहीं करवाने के आरोप भी लगे हैं।
सीड़ा ने यह भी दावा किया कि शहर में पौधारोपण और ट्री गार्ड लगाने के नाम पर लाखों रुपये के बिल पास किए गए, जबकि जमीन पर न तो पौधे लगाए गए और न ही ट्री गार्ड लगाए गए।
उन्होंने बताया कि इन मामलों को लेकर अन्य पार्षदों के साथ 12 फरवरी को विभागीय मंत्री विपुल गोयल और एसीएस को शिकायत सौंपी गई थी। उनका कहना है कि यदि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच होती है तो चीका नगरपालिका में विकास कार्यों के नाम पर करोड़ों रुपये के घोटाले सामने आ सकते हैं।
वहीं, सचिव जितेंद्र कुमार ने इस मामले में प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि उन्हें भी केवल ईमेल के जरिए निलंबन की सूचना मिली है। उन्होंने कहा कि ईमेल में सस्पेंशन का कोई स्पष्ट कारण नहीं बताया गया है।


