चंडीगढ़ में एनफोर्समेंट डायरेक्टरेट (ED) की एक टीम ने कैबिनेट मंत्री संजीव अरोड़ा के घर पर रेड मारी. टीम करीब 15 गाड़ियों में मंत्री के सेक्टर 2 स्थित घर पहुंची और अधिकारियों ने पूरे घर को घेर लिया.
चंडीगढ़/9 मई/ अटल हिन्द ब्यूरो/एजेंसी
पंजाब की राजनीति में एक बार फिर तूफान आ गया है। प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने आम आदमी पार्टी (AAP) के वरिष्ठ नेता, पंजाब सरकार के कैबिनेट मंत्री और लुधियाना वेस्ट विधायक संजीव अरोड़ा के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। शनिवार 9 मई 2026 को सुबह ED की टीम ने चंडीगढ़ के सेक्टर-2 स्थित उनके सरकारी आवास पर छापेमारी की और लंबी पूछताछ के बाद उन्हें मनी लॉन्ड्रिंग के मामले में गिरफ्तार कर लिया।
यह कार्रवाई Prevention of Money Laundering Act (PMLA) के तहत की गई है। ED ने चंडीगढ़, दिल्ली-एनसीआर और गुरुग्राम समेत पांच ठिकानों पर सर्च ऑपरेशन चलाया। सूत्रों के मुताबिक, अरोड़ा और उनकी जुड़ी कंपनियों पर 157.12 करोड़ रुपये की फर्जी बिक्री, शेल कंपनियों के जरिए फर्जी निर्यात, नकली GST इनवॉइस और FEMA उल्लंघन के आरोप हैं। एजेंसी ने कई बैंक खाते अटैच कर दिए हैं और डीमैट खातों व म्यूचुअल फंड्स को फ्रीज कर दिया है।
इस कार्रवाई से पंजाब की राजनीति पूरी तरह गरमा गई है। AAP ने इसे भाजपा की राजनीतिक साजिश करार दिया है, जबकि विपक्षी दल इसे भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई बता रहे हैं। आइए इस पूरे मामले को विस्तार से समझते हैं – संजीव अरोड़ा कौन हैं, ED का आरोप क्या है, AAP नेताओं की प्रतिक्रिया क्या है और इसका पंजाब की सियासत पर क्या असर पड़ सकता है।
संजीव अरोड़ा का बैकग्राउंड: बिजनेसमैन से मंत्री तक का सफर
संजीव अरोड़ा का जन्म 18 सितंबर 1963 को लुधियाना में हुआ था। वे 62 वर्षीय हैं और लुधियाना के एक प्रमुख औद्योगिक परिवार से ताल्लुक रखते हैं। उनके पिता स्वर्गीय प्राण अरोड़ा ने गारमेंट और निटवेयर का बिजनेस शुरू किया था, जिसे बाद में Ritesh Industries Ltd के नाम से जाना गया। 2006 में कंपनी का नाम बदलकर Hampton Sky Realty Limited (HSRL) कर दिया गया, जो अब BSE पर लिस्टेड है और इसकी मार्केट कैपिटलाइजेशन करीब 900 करोड़ रुपये है।
अरोड़ा ने SCD गवर्नमेंट कॉलेज, लुधियाना से B.Com की डिग्री हासिल की। वे लंबे समय से टेक्सटाइल एक्सपोर्ट बिजनेस में सक्रिय रहे हैं। उनकी कंपनियां मुख्य रूप से अमेरिका में निर्यात करती रही हैं। इसके अलावा वे रियल एस्टेट सेक्टर में भी सक्रिय हैं। Hampton Business Park और Hampton Homes जैसे प्रोजेक्ट्स उनके नाम जुड़े हैं।
राजनीति में प्रवेश 2022 में हुआ जब AAP ने उन्हें पंजाब से राज्यसभा सांसद बनाया। 10 अप्रैल 2022 से उनका कार्यकाल शुरू हुआ। 2025 में उन्होंने लुधियाना वेस्ट विधानसभा उपचुनाव लड़ा और AAP टिकट पर जीत हासिल की। वे पंजाब सरकार में पावर, इंडस्ट्रीज, इन्वेस्टमेंट प्रमोशन और लोकल गवर्नमेंट जैसे महत्वपूर्ण विभाग संभाल रहे थे।
अरोड़ा सामाजिक कार्यों में भी सक्रिय रहे हैं। मां के कैंसर से निधन के बाद उन्होंने Krishna Pran Breast Cancer Charitable Trust की स्थापना की, जो पंजाब में कैंसर मरीजों की मदद करती है। उनकी पत्नी संध्या अरोड़ा भी बिजनेस में सक्रिय रही हैं।
ED का आरोप: 100 करोड़ से ज्यादा का फर्जी GST घोटाला और मनी लॉन्ड्रिंग
ED के अनुसार, संजीव अरोड़ा और उनकी जुड़ी कंपनियों ने दिल्ली में स्थित कथित गैर-मौजूद फर्मों से मोबाइल फोन के फर्जी खरीद बिल बनवाए। इन बिलों के आधार पर इनपुट टैक्स क्रेडिट (ITC) क्लेम किया गया, GST रिफंड लिया गया और ड्यूटी ड्रॉबैक का फायदा उठाया गया।
आरोप है कि कंपनियों ने 100 करोड़ रुपये से अधिक मूल्य के मोबाइल फोन का नकली GST खरीदा। इसके बाद दुबई के रास्ते राउंड-ट्रिपिंग (पैसा विदेश भेजकर वापस लाना) कर गैरकानूनी एक्सपोर्ट दिखाया गया। शेल कंपनियों का इस्तेमाल कर फर्जी निर्यात दर्शाया गया, जिससे सरकारी खजाने को भारी नुकसान पहुंचा।
ED ने पहले 157.12 करोड़ रुपये की संपत्ति अटैच की थी। इस बार की कार्रवाई में Hampton Sky Realty Limited समेत जुड़ी कंपनियों के दफ्तरों की तलाशी ली गई। टीम ने सुबह करीब 7 बजे 15-20 गाड़ियों में पहुंचकर सेक्टर-2 आवास को घेर लिया। CRPF के भारी सुरक्षा बल तैनात थे। सर्च ऑपरेशन कई घंटे चला।
यह एक महीने में दूसरी और इस साल तीसरी कार्रवाई है। ED का कहना है कि फर्जी बिलों से क्लेम किए गए ITC और एक्सपोर्ट क्रेडिट से सरकारी राजस्व को बड़ा नुकसान हुआ। जांच में विदेशी संस्थाओं के जरिए पैसे की राउंड-ट्रिपिंग का भी सबूत मिला है।
छापेमारी का पूरा विवरण
9 मई 2026 को सुबह ED की टीम चंडीगढ़ पहुंची। सेक्टर-2, हाउस नंबर 43 पर करीब 7:25 बजे सर्च शुरू हुई। 20 गाड़ियों में अफसर पहुंचे। पूरे परिसर को घेर लिया गया। दिल्ली, गुरुग्राम और चंडीगढ़ में पांच ठिकानों पर एक साथ ऑपरेशन चला। अरोड़ा के सरकारी आवास के अलावा उनके बिजनेस से जुड़े परिसरों की भी तलाशी ली गई। ED अधिकारियों ने दस्तावेज, डिजिटल डिवाइस, बैंक रिकॉर्ड और फाइनेंशियल ट्रांजेक्शन की जांच की। लंबी पूछताछ के बाद शाम को उन्हें गिरफ्तार कर दिल्ली ले जाया गया।
AAP नेताओं की तीखी प्रतिक्रिया
भगवंत मान का हमला:
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने ED कार्रवाई को भाजपा की साजिश बताया। एक्स पर उन्होंने लिखा: “आज फिर भाजपा की ED संजीव अरोड़ा के घर आई है। एक साल में तीसरी बार और एक महीने में दूसरी बार। फिर भी कुछ नहीं मिला। मैं मोदी जी से कहना चाहता हूं कि पंजाब गुरुओं की धरती है; औरंगजेब भी इसे झुका नहीं पाया था। यह भगत सिंह की धरती है, जिन्होंने अंग्रेजों के सामने कभी सिर नहीं झुकाया। इसलिए पंजाब मोदी की चालों के आगे कभी नहीं झुकेगा। पंजाब, ED और भाजपा के इस अनैतिक गठबंधन को खत्म कर देगा।”
पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने ED कार्रवाई को भाजपा की साजिश बताया। एक्स पर उन्होंने लिखा: “आज फिर भाजपा की ED संजीव अरोड़ा के घर आई है। एक साल में तीसरी बार और एक महीने में दूसरी बार। फिर भी कुछ नहीं मिला। मैं मोदी जी से कहना चाहता हूं कि पंजाब गुरुओं की धरती है; औरंगजेब भी इसे झुका नहीं पाया था। यह भगत सिंह की धरती है, जिन्होंने अंग्रेजों के सामने कभी सिर नहीं झुकाया। इसलिए पंजाब मोदी की चालों के आगे कभी नहीं झुकेगा। पंजाब, ED और भाजपा के इस अनैतिक गठबंधन को खत्म कर देगा।”
अमन अरोड़ा और अन्य AAP नेता:
AAP पंजाब अध्यक्ष अमन अरोड़ा ने कार्रवाई की निंदा की। उन्होंने कहा कि पंजाब भगत सिंह की भूमि है, जो कभी किसी के आगे नहीं झुकेगा।
AAP पंजाब अध्यक्ष अमन अरोड़ा ने कार्रवाई की निंदा की। उन्होंने कहा कि पंजाब भगत सिंह की भूमि है, जो कभी किसी के आगे नहीं झुकेगा।
अरविंद केजरीवाल का बयान:
AAP संयोजक अरविंद केजरीवाल ने इसे भ्रष्टाचार की जांच नहीं बल्कि AAP को तोड़ने की साजिश बताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी पूरी ताकत और एजेंसियां एक पार्टी को खत्म करने के लिए लगा रहे हैं। “हमने कोई गलत काम नहीं किया, भगवान हमारे साथ है।
AAP संयोजक अरविंद केजरीवाल ने इसे भ्रष्टाचार की जांच नहीं बल्कि AAP को तोड़ने की साजिश बताया। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री मोदी पूरी ताकत और एजेंसियां एक पार्टी को खत्म करने के लिए लगा रहे हैं। “हमने कोई गलत काम नहीं किया, भगवान हमारे साथ है।
”मनीष सिसोदिया का ट्वीट:
पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने लिखा कि मोदी ने फिर अपना ‘तोता-मैना’ (ED) छोड़ दिया है। उन्होंने केजरीवाल, खुद, संजय सिंह, सत्येंद्र जैन आदि पर हुई रेड्स का जिक्र किया और कहा कि कुछ नहीं मिला। “AAP न रुकेगी, न बिकेगी, न डरेगी।” उन्होंने इसे हरियाणा चुनाव एग्जिट पोल से परेशानी और AAP तोड़ने की कोशिश बताया।
पूर्व उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने लिखा कि मोदी ने फिर अपना ‘तोता-मैना’ (ED) छोड़ दिया है। उन्होंने केजरीवाल, खुद, संजय सिंह, सत्येंद्र जैन आदि पर हुई रेड्स का जिक्र किया और कहा कि कुछ नहीं मिला। “AAP न रुकेगी, न बिकेगी, न डरेगी।” उन्होंने इसे हरियाणा चुनाव एग्जिट पोल से परेशानी और AAP तोड़ने की कोशिश बताया।
संजय सिंह का बयान:
AAP सांसद संजय सिंह ने कहा कि मोदी की फर्जी केस मशीन 24 घंटे AAP के पीछे पड़ी है। सुप्रीम कोर्ट ने भी एजेंसियों को लताड़ा, लेकिन कोई फर्क नहीं पड़ा।शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया और सुखबीर सिंह बादल ने AAP पर निशाना साधा। मजीठिया ने मजाक में कहा, “सब पकड़े जाएंगे।
AAP सांसद संजय सिंह ने कहा कि मोदी की फर्जी केस मशीन 24 घंटे AAP के पीछे पड़ी है। सुप्रीम कोर्ट ने भी एजेंसियों को लताड़ा, लेकिन कोई फर्क नहीं पड़ा।शिरोमणि अकाली दल के नेता बिक्रम सिंह मजीठिया और सुखबीर सिंह बादल ने AAP पर निशाना साधा। मजीठिया ने मजाक में कहा, “सब पकड़े जाएंगे।
”राजनीतिक संदर्भ और 2027 पंजाब चुनाव
यह कार्रवाई 2027 पंजाब विधानसभा चुनाव से पहले हो रही है। AAP सरकार भ्रष्टाचार मुक्त शासन का दावा करती है, लेकिन ED की बार-बार कार्रवाई से विपक्ष हमलावर है। ED ने पहले AAP के कई नेताओं पर कार्रवाई की – अरविंद केजरीवाल, मनीष सिसोदिया, संजय सिंह, सत्येंद्र जैन, अमानतुल्लाह खान आदि। कुछ को जमानत मिली, लेकिन केस जारी हैं। AAP इसे राजनीतिक प्रतिशोध बताती है, जबकि केंद्र सरकार कहती है कि कोई भी भ्रष्टाचार से ऊपर नहीं।
मनी लॉन्ड्रिंग और GST फ्रॉड की कानूनी पहलू
PMLA 2002 के तहत ED संपत्ति जब्त, अटैचमेंट और गिरफ्तारी कर सकता है। फर्जी ITC क्लेम और एक्सपोर्ट स्कैम में GST कानून, FEMA और IPC की धाराएं भी लग सकती हैं। ऐसे घोटालों से सरकार को हजारों करोड़ का नुकसान होता है। ED का फोकस प्रूफ ऑफ फंड्स, बेनामी ट्रांजेक्शन और विदेशी फ्लो पर है।
संभावित असर और विश्लेषण
यह गिरफ्तारी AAP के लिए चुनौती है। पंजाब में पार्टी की छवि प्रभावित हो सकती है। दूसरी ओर, AAP इसे ‘जनता vs केंद्र’ का मुद्दा बनाकर राजनीतिक फायदा उठा सकती है। विपक्षी पार्टियां (कांग्रेस, अकाली दल, BJP) AAP पर हमला बोल रही हैं। अगर केस में सबूत मजबूत निकले तो AAP की मुश्किल बढ़ेगी।
Add A Comment


