लाइनमैन पर फायर कर जान से मारने की नियत को लेकर दो बार की वार्ता के बाद मामले में जोड़ी धाराएं,
बिजली कर्मचारियों के समर्थन में गांव हरनामपुरा के ग्रामीण भी सदर थाना में जुटे
नरवाना/21 जून/नरेन्द्र जेठी
शुक्रवार को देर रात गांव हरनामपुरा के सुरेंद्र पर धमतान वासी बसावा राम द्वारा पिस्तौल से गोली चलाकर घायल कर दिया था। जिसको गंभीर हालत में जींद रैफर कर दिया गया था। वहीं सीआइए टीम ने सुरेंद्र पर गोली चलाकर हत्या का प्रयास करने के मामले में बसावा राम को गिरफ्तार कर लिया गया था।
लेकिन बिजली विभाग के अधिकारी व कर्मचारी इस बात से संतुष्ट नहीं थे, कि सुरेंद्र पर गोली चलाने को लेकर पुलिस ने उसके बयान पर मामला तो दर्ज कर लिया। पर लाइनमैन तेजबीर पर सरकारी ड्यूटी पर होते हुए जान से मारने की नियत से फायर किए गए थे, उसकी तरफ से भी मामला दर्ज किया जाना चाहिए।
पुलिस अधिकारी इस बात पर अड़े रहे कि इस मामले में मामला तो एक ही दर्ज होगा। जिसके बाद बिजली कर्मचारियों में रोष बढ़ गया और वे कामकाज छोडक़र सदर थाना में धरना में पहुंच गए। इसके साथ ही गांव हरनामपुरा के ग्रामीण भी बिजली कर्मचारियों के समर्थन में पहुंचे।
बिजली निगम के एक्सईएन जोगेंद्र कौशिक, एसडीओ दीपक नैन ने भी कर्मचारियों के समर्थन में पहुंचकर एसएचओ कमल सिंह ने बातचीत की। एक्सईएन और एसडीओ ने एसएचओ को कहा कि बसावा राम द्वारा सरकारी ड्यूटी पर होते हुए कर्मचारी पर जान से मारने की नियत से फायर किया है।
इसके अलावा सरकारी काम में बाधा डाली है। इसलिए लाइनमैन तेजबीर की तरफ से भी मामला दर्ज किया जाना चाहिए। एसएचओ कमल सिंह ने अधिकारियों को समझाते हुए कहा कि मामला तो एक ही दर्ज हो सकता है, लेकिन उसमें धाराएं जोड़ी जा सकती है।
अलग से एफआइआर दर्ज नहीं हो सकती। लेकिन साथ में आए बिजली कर्मचारी अलग से ही एफआइआर दर्ज करवाने की मांग पर अड़े रहे। कर्मचारियों को यह लग रहा था कि इस मामले में गांव हरनामपुरा का सुरेंद्र सामाजिक व भाईचारा के दबाव में आकर समझौता कर सकता है। जिससे आरोपित का कुछ नहीं बिगड़ेगा।
पुलिस व बिजली विभाग के अधिकारियों के बीच दो बार की वार्ता के बाद आखिर में यह फैसला हुआ कि घायल सुरेंद्र द्वारा दर्ज मामले में लाइनमैन सुरेंद्र के बयान दर्ज कर लिए जाएंगे और उसमें सरकारी काम मेें बाधा, सरकारी ड्यूटी पर होते हुए जान से मारने की कोशिश, शस्त्र लाइसेंस रद्द करवाया जाएगा।
एक्सईएन व जेई ने कर्मचारियों को पुलिस के साथ हुई वार्ता की दी जानकारी
एसएचओ कमल सिंह के साथ हुई वार्ता के बाद एक्सईएन जोगेंद्र कौशिक व जेई ने बिजली कर्मचारियों को बताया कि गांव हरनामपुरा के सुरेंद्र द्वारा दर्ज करवाये मामले में तेजबीर के बयान भी दर्ज कर लिए गए है। जिसमें सरकारी ड्यूटी पर जान से मारने की कोशिश, सरकारी काम में बाधा और शस्त्र लाइसेंस रद्द करने शामिल हैं।
उन्होंने बताया कि लाइनमैन तेजबीर के बयानों की वीडियोग्राफी की गई है। वहीं शस्त्र लाइसेंस रद्द करने का पत्र लिख दिया गया है। उन्होंने बताया कि बिजली अधिकारियों व कर्मचारियों को यह डर था कि कहीं सुरेंद्र समझौता कर दे और एफआइआर रद्द हो जाए। अब लाइमैन तेजबीर के बयान दर्ज होने के बाद एफआइआर कैंसिल नहीं होगी।
बसावा राम द्वारा जिस पिस्तौल से गोली चलाई गई है, उसका लाइसेंस लडक़े के नाम है, तो उस पर मामला दर्ज होगा। ऐसा पुलिस अधिकारियों ने आश्वासन दिया है।
शस्त्र लाइसेेंस की जांच करने के लिए उसके लडक़े को शामिल किया जाएगा। एक्सईएन व जेई ने यह सारी जानकारी कर्मचारियों को सुनाने के बाद पूछा कि क्या वो इस कार्रवाई से संतुष्ट है या नहीं। इस पर कर्मचारियों ने संतुष्टि जताई और उसके बाद वे कामकाज पर लौट गए।


