अरावली की तलहटी में करें ध्यान, 3 करोड़ की लागत से बनेगा आध्यात्मिक केन्द्र
विधानसभा अध्यक्ष श्री वासुदेव देवनानी ने किया विवेकानंद पार्क का निरीक्षण
राज्य सरकार ने की है बजट में घोषणा
अरावली और हरियाली के बीच सुकून कर सकेंगे मेडिटेशन
शहर का मिलेगा योग, अध्यात्म व ध्यान शिविरों के लिए उपयुक्त स्थान
नया हॉल, मेडिटेशन व योग हॉल, सेमीनार कक्ष, फव्वारे व पेड़ लगेंगे
जयपुर /2 मई /अटल हिन्द ब्यूरो
अरावली की तलहटी में स्थित विवेकानंद पार्क में एक आधुनिक आध्यात्मिक, योग एवं ध्यान केन्द्र के रूप में विकसित करने की दिशा में महत्वपूर्ण पहल की जा रही है। राज्य सरकार द्वारा बजट में घोषित इस परियोजना पर लगभग 3 करोड़ रुपये की लागत आएगी। इससे यह स्थान शहरवासियों और पर्यटकों के लिए एक प्रमुख आकर्षण बनेगा।
विधानसभा अध्यक्ष वासुदेव देवनानी ने शनिवार को विवेकानंद पार्क का निरीक्षण कर प्रस्तावित स्थल का जायजा लिया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने संबंधित अधिकारियों को आवश्यक दिशा-निर्देश देते हुए कार्य को शीघ्र प्रारंभ करने पर जोर दिया।
देवनानी ने कहा कि अरावली पर्वतमाला की प्राकृतिक हरियाली और शांत वातावरण के बीच विकसित होने वाला यह केन्द्र ध्यान, योग और आध्यात्मिक साधना के लिए अत्यंत उपयुक्त रहेगा। यहां आने वाले लोग प्राकृतिक सुकून के बीच मेडिटेशन कर सकेंगे, जिससे मानसिक शांति और स्वास्थ्य लाभ प्राप्त होगा।
परियोजना के तहत पार्क में आधुनिक सुविधाओं का विकास किया जाएगा। इसमें एक भव्य हॉल, विशेष मेडिटेशन हॉल, योग हॉल, सेमीनार कक्ष, आकर्षक फव्वारे और व्यापक वृक्षारोपण शामिल हैं। यह केन्द्र योग शिविरों, ध्यान सत्रों, आध्यात्मिक कार्यशालाओं एवं सेमीनारों के आयोजन के लिए आदर्श स्थल के रूप में विकसित किया जाएगा।
उन्होंने कहा कि यह पहल अजमेर शहर को योग, अध्यात्म और ध्यान गतिविधियों के लिए एक नई पहचान देगी। साथ ही यह स्थान स्थानीय नागरिकों के लिए स्वस्थ और सकारात्मक जीवनशैली को बढ़ावा देने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।
देवनानी ने यह भी कहा कि इस परियोजना से न केवल शहरवासियों को लाभ मिलेगा, बल्कि देश-विदेश से आने वाले पर्यटक भी यहां के शांत और सुरम्य वातावरण में आध्यात्मिक अनुभव प्राप्त कर सकेंगे। यह केन्द्र अजमेर के पर्यटन एवं सांस्कृतिक महत्व को भी नई ऊंचाई प्रदान करेगा।
इस दौरान अजमेर विकास प्राधिकरण के अधिकारियों के साथ-साथ विभिन्न योग एवं ध्यान संस्थाओं के प्रतिनिधि भी उपस्थित रहे।


