नरवाना में फिरौती मांगने वाले बदमाशों की शिनाख्त, घायल मुख्य आरोपी को भी दुकान पर लाई पुलिस
दबलैन माइनर से पकड़े गए थे तीन आरोपी, भागने के दौरान मुख्य आरोपी का टूटा था पैर
नरवाना 28 मई नरेन्द्र जेठी
नरवाना के पुराना बाजार में व्यापारी से फिरौती मांगने और जान से मारने की धमकी देने के मामले में पुलिस लगातार कार्रवाई कर रही है। सीआईए स्टाफ नरवाना और थाना शहर नरवाना पुलिस द्वारा पकड़े गए आरोपियों को अब शिनाख्त और निशानदेही के लिए मौके पर लाया जा रहा है।
वीरवार को पुलिस मुख्य आरोपी हर्षित को व्यापारी सौरभ गर्ग की दुकान पर लेकर पहुंची, जहां व्यापारी से उसकी शिनाख्त करवाई गई। इसके बाद पुलिस आरोपी को आगे की कार्रवाई के लिए अदालत में लेकर गई।
आरोपी को गंजा किया गया था और उसके पैर पर चोट के निशान भी दिखाई दिए। बताया जा रहा है कि मुख्य आरोपी हर्षित ने गिरफ्तारी से बचने के लिए दबलैन माइनर में छलांग लगा दी थी, लेकिन नीचे गिरने से उसका पैर टूट गया।
घायल अवस्था में उसे सरकारी अस्पताल नरवाना में भर्ती करवाया गया था, जहां इलाज के बाद पुलिस उसे बाजार में लेकर पहुंची। वहीं इससे पहले बुधवार को दो अन्य आरोपी अंकुश और अभिषेक उर्फ भूत को भी पुलिस हथकडिय़ों में पुराना बाजार लेकर आई थी।
दोनों आरोपियों की व्यापारी की दुकान पर शिनाख्त करवाई गई थी। जिन बदमाशों का इलाके में खौफ बना हुआ था, उन्हें पुलिस गिरफ्त में देखकर बाजार में लोगों की भीड़ जमा हो गई।
थाना प्रभारी पूर्ण दास ने बताया कि 25 मई को तीन युवकों ने व्यापारी से फिरौती मांगी थी और पैसे न देने पर जान से मारने की धमकी दी थी। मामले की गंभीरता को देखते हुए पुलिस की कई टीमों ने कार्रवाई करते हुए आरोपियों को दबलैन माइनर से काबू किया।
शुरुआती जांच में सामने आया है कि आरोपियों ने व्यापारी पर दबाव बनाने के लिए इस वारदात को अंजाम दिया था। फिलहाल पुलिस मामले की जांच में जुटी हुई है।
दूसरी तरफ नरवाना के विधायक व हरियाणा सरकार में कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी ने आज एक विश्सेष बातचीत में कहा कि बीते दिनों हुई इन दो घटनाओं में पुलिस द्वारा तत्परता से कार्यवाही करने पर नरवाना पुलिस की जितनी तारीफ़ की जाए कम है।

उन्होने कहा कि नरवाना वासियों ने केवल सत्ता परिवर्तन के लिए वोट नहीं दिया था बल्कि नरवाना परिवर्तन के लिए दिया था। मैंने पहले ही चेतावनी दी थी कि या बदमाशी छोडक़र ईमानदारी से कमाना-खाना शुरू करो नहीं तो नरवाना छोड़ दो।
मैं ऐसे युवकों के माता-पिता से पहले भी अपील कर चुका हूँ कि अपने बच्चों पर कड़ी निगरानी रखें, वो कहाँ बैठते-उठते हैं, क्या करते हैं क्योंकि इन केसों में अपराधी के भागते समय पुल से गिरकर या माईनर में गिरकर गंभीर चोटें लगीं जो ताउम्र उनको परेशान करेंगी परंतु इसमें जान भी जा सकती है।
इसलिए में माता-पिता से फिर से कहना चाहता हूँ कि नरवाना पुलिस बहुत ज्यादा सतर्क है और आप अपने बच्चों पर कड़ी नजऱ रखें ताकि वो किसी गलत ग्रुप में ना जुड़े। कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी ने कहा कि नरवाना के सभी मेहनतकश किसान, मजदूर, दुकानदार, नौकरीपेशा, व्यापारियों से मैं कहना चाहता हूँ कि आप मेरा परिवार हो और मैं अपने परिवार के साथ किसी प्रकार की गुंडागर्दी बर्दाश्त नहीं करुंगा।
आप लोग निश्चिंत होकर अपने कारोबार पर ध्यान दीजिये । आपकी सुरक्षा की जिम्मेदारी हरियाणा पुलिस के बहादुर जवानों के कंधों पर है और मैं निजी रुप से आपकी सुरक्षा के प्रति कोई ढील या नरवाना विधानसभा में किसी प्रकार की कोई बदमाशी बर्दाश्त नहीं करूँगा। एक बार पुन: नरवाना पुलिस के बहादुर जवानों एवं अधिकारियों को इस कारवाई के लिए शुभकामनाएँ देता हूं ।
उल्लेखनीय है कि कल बुधवार को कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी के पुत्र करण प्रताप बेदी सौरभ गर्ग के पिता से उनके निवास पर मिले थे और विडियो काल के माध्यम से कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी से सौरभ गर्ग के पिता सुरेश कुमार की बात करवाई थी


