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बदमाशों का हरियाणा में कहीं पे निगाहे कहीं पे निशाना तो नहीं ,जनप्रतिनिधियों को धमकी की आड़ में 

 

बदमाशों का हरियाणा में कहीं पे निगाहे कहीं पे निशाना तो नहीं ,जनप्रतिनिधियों को धमकी की आड़ में 


गैंगस्टरों द्वारा फिरौती वसूली का नया क्राइम सिस्टम बनाने का प्रयास

बीती 8 जुलाई को कुलदीप वत्स के कुक के हवाले से दी गई थी धमकी

अब एमएलए कुलदीप वत्स के भाई को धमकी देने का मामला हुआ गरम

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फतह सिंह उजाला
पटौदी । 
पटौदी विधानसभा क्षेत्र से अपनी राजनीति आरंभ करने वाले और हरियाणा के पूर्व सीएम हुड्डा तथा सांसद दीपेंद्र के बेहद नजदीक बादली झज्जर से एमएलए कुलदीप वत्स का कहना है कि नामी-गिरामी गैंगस्टर और उनके नाम पर धमकियां देने और फिरौती मांगने की आड़ में बदमाश अपना दबदबा बनाना चाहते हैं । बीते कुछ दिनों से जिस प्रकार से हरियाणा में विभिन्न एमएलए को धमकियां दिए जाने और फिरौती मांगने के मामले सामने आए हैं । इन घटनाओं को देखते हुए ऐसा लगता है कि नामी-गिरामी गैंगस्टर और बदमाश या फिर इनके नाम पर नो सीखिए बदमाश हरियाणा में फिरौती वसूली का नया क्राइम सिस्टम स्थापित करने की जुगत में हैं । यह बात उन्होंने अपने कुक राजीव को दी गई धमकी , जिसमें कहा गया था कि मूसे वाला को नहीं छोड़ा तो कुलदीप क्या चीज है । इसी पर अपनी प्रतिक्रिया व्यक्त करते हुए खास बातचीत में कही ।

उन्होंने बताया कि विधानसभा सत्र के दौरान 24 मार्च को उनके द्वारा प्रदेश में गैंगस्टरों , अपराधियों के द्वारा धमकी देने सहित बढ़ते नशे के कारोबार के मुद्दे को लेकर सदन में अपनी बात कही थी । इसके बाद से ही नियमित अंतराल पर अलग-अलग स्थानों पर आने-जाने के दौरान महसूस किया गया कि संदिग्ध लोगों के द्वारा पीछा भी किया जा रहा है । हालांकि किसी भी प्रकार की कोई अप्रिय घटना इस दौरान घटित नहीं हो सकी । पटौदी में अपने आवास पर बातचीत के दौरान बादली से कांग्रेस के एमएलए कुलदीप वत्स ने साफ साफ शब्दों में कहा कि जिस प्रकार से वसूली और फिरौती के लिए धमकियां विशेष रुप से चुने हुए जनप्रतिनिधियों को दी जा रही हैं । इन घटनाओं को देखते हुए महसूस किया जा सकता है कि नामी-गिरामी गैंगस्टर या फिर उनके नाम पर अन्य लोग हरियाणा में फिरौती वसूली का अपना अवैध क्रिमिनल सिस्टम स्थापित करने के प्रयास में हैं । इस बात से भी इनकार नहीं की जनप्रतिनिधियों को धमका कर सुर्खियां बटोर प्रदेश में बड़े , प्रभावशाली, धनाढ्य वर्ग के लोगों या फिर बिजनेसमैन से वसूली या फिर फिरौती किसी भी कीमत पर वसूली करने के लिए हमलावर जैसी घटनाओं को भी अंजाम दिया जाए । इस प्रकार की वारदात और घटनाएं भी सामने आ चुकी है ।

इसी बीच में एमएलए कुलदीप वत्स के भाई ईश्वर वत्स को भी धमकी देने का मामला सोमवार को सुर्खियां बन गर्म हो गया।  इस मामले में एमएलए कुलदीप वत्स का कहना है कि भाई को 25 मई को अज्ञात लोगों के द्वारा धमकियां दी गई थी , जिसे हल्के में लिया गया । लेकिन हाल ही की घटना को देखते हुए भाई के द्वारा भी पुलिस में मामला दर्ज करवा दिया गया है । इस बीच में पुलिस प्रशासन के लिए उन पांच हमलावर बदमाशों की पहचान करना अपने आप में किसी बड़ी चुनौती से कम भी साबित होने वाला नहीं है । कथित रूप से एमएलए कुलदीप वत्स की पटौदी कोठी में सीसीटीवी सिस्टम का एक्टिव नहीं होना भी एक कारण सामने निकल कर आया है । वही इस पूरे मामले में कुलदीप का कहना है कि जिस प्रकार से हथियारबंद बदमाश उनके घर में घुसे और कुक हवाले से धमकी दी गई । ऐसे में पुलिस प्रशासन से अनुरोध किया गया है कि झज्जर में बादली स्थित उनके आवास और ऑफिस की सीसीटीवी फुटेज की भी बीते 1 सप्ताह की कम से कम जांच की जानी चाहिए।

इसके अलावा पटौदी ने जहां एमएलए कुलदीप वत्स की कोठी है , वहां आने जाने वाले रास्ते में केवल मात्र दो ही स्थानों पर सीसीटीवी लगे हुए हैं । उपलब्ध जानकारी के मुताबिक पुलिस प्रशासन के द्वारा ऐसे सीसीटीवी कैमरे की फुटेज लेकर भी जांच की जाएगी। विशेष रुप से इस बात को लेकर की किसी खास मॉडल के वाहन या फिर संदिग्ध लोग लगातार आते जाते दिखाई दे रहे हो। अब देखना यह है कि धमकी देने वाले हथियारबंद बदमाशों की पहचान के लिए किसी भी प्रकार का कोई भी ठोस आरंभिक साक्ष्य उपलब्ध नहीं होने के बावजूद भी गुरुग्राम की तेजतर्रार पुलिस किस प्रकार और कब तक एमएलए कुलदीप वत्स को धमकी देने वाले बदमाशों की पहचान कर सलाखों के पीछे भेजने में कामयाब हो सकेगी।

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