राजनीतिक दलों व आरडब्ल्यूए के साथ मिलकर मतदाता सूची मैपिंग कार्य में तेजी लाएं बीएलओ : एसडीएम
एसआईआर के तहत हो रहे मैपिंग कार्य की समीक्षा को लेकर एसडीएम सुभाष चंद्र ने ली अधिकारियों की बैठक
रणबीर सिंह रोहिल्ला/सोनीपत।
मतदाता सूची के संक्षिप्त गहन पुनरीक्षण एवं मैपिंग कार्य को समयबद्ध व शत-प्रतिशत पूरा करने के उद्देश्य से मंगलवार को एसडीएम सुभाष चंद्र की अध्यक्षता में बीएलओ, एआरओ, सुपरवाइजर एवं संबंधित अधिकारियों की समीक्षा बैठक आयोजित की गई। बैठक में निर्वाचन क्षेत्र में एसआईआर के तहत चल रहे मतदाता सूची मैपिंग कार्य की प्रगति की विस्तारपूर्वक समीक्षा की गई तथा सभी अधिकारियों को निर्धारित समयावधि में कार्य पूरा करने के निर्देश दिए।
एसडीएम सुभाष चंद्र ने कहा कि जिन अधिकारियों एवं कर्मचारियों की बीएलओ ड्यूटी लगाई गई है, उनकी ड्यूटी किसी भी परिस्थिति में नहीं हटाई जाएगी। उन्होंने कहा कि निर्वाचन आयोग द्वारा सौंपे गए दायित्वों का सभी अधिकारी एवं कर्मचारी पूरी जिम्मेदारी और गंभीरता के साथ निर्वहन करें। मतदाता सूची का शुद्ध एवं अद्यतन होना लोकतंत्र की मजबूती के लिए अत्यंत आवश्यक है और इसमें किसी प्रकार की लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
उन्होंने कहा कि वर्तमान में सोनीपत शहर में मतदाता सूची मैपिंग का लगभग 35 प्रतिशत कार्य पूरा हो चुका है, जबकि 65 प्रतिशत कार्य अभी शेष है। उन्होंने सभी बीएलओ को निर्देश दिए कि वे रेसिडेंशियल वेलफेयर एसोसिएशन (आरडब्ल्यूए) के सहयोग से आगामी पांच दिनों के भीतर शेष कार्य को पूरा करने का प्रयास करें।
शहरी क्षेत्रों में अधिक माइग्रेशन होने के कारण मतदाता सूची को अद्यतन रखना एक चुनौतीपूर्ण कार्य है, इसलिए सभी संबंधित अधिकारी अतिरिक्त सावधानी बरतें। एसडीएम ने कहा कि मैपिंग कार्य पूर्ण होने के बाद फील्ड स्तर पर अतिरिक्त कार्यभार नहीं रहेगा, इसलिए वर्तमान चरण में सभी अधिकारी अधिकतम समय इस कार्य को दें।
उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मैपिंग कार्य सही ढंग से नहीं किया गया तो भविष्य में मतदाताओं के नाम सूची से हटने की शिकायतें बढ़ सकती हैं, जिसके लिए संबंधित अधिकारियों को जवाबदेह ठहराया जाएगा। एसडीएम ने सभी बीएलओ को राजनीतिक दलों के प्रतिनिधियों के साथ नियमित समन्वय बैठकें आयोजित करने, अधिक से अधिक फील्ड विजिट करने तथा प्रत्येक पात्र मतदाता तक पहुंच सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
उन्होंने कहा कि निर्वाचन प्रक्रिया की पारदर्शिता और विश्वसनीयता बनाए रखने के लिए सभी हितधारकों का सहयोग आवश्यक है। उन्होंने कहा कि निर्वाचन संबंधी कार्यों को और अधिक प्रभावी बनाने के लिए प्रशिक्षण कार्यक्रम भी आयोजित किया जाएगा, ताकि बीएलओ एवं अन्य संबंधित कर्मचारी मैपिंग और मतदाता सूची अद्यतन करने की प्रक्रिया को बेहतर ढंग से समझ सकें।
उन्होंने सभी एआरओ, सुपरवाइजर एवं अधिकारियों को निर्देशित किया कि वे बीएलओ के कार्यों की नियमित निगरानी करें तथा आवश्यक मार्गदर्शन प्रदान करें।
उन्होंने सभी एआरओ, सुपरवाइजर एवं बीएलओ को लक्ष्य निर्धारित करते हुए निर्देश दिए कि जिन बूथों पर वर्तमान मैपिंग 50 प्रतिशत के आसपास है, वहां इसे बढ़ाकर कम से कम 75 प्रतिशत तक पहुंचाया जाए। उन्होंने कहा कि समयबद्ध, सटीक और पारदर्शी तरीके से कार्य पूरा करना सभी अधिकारियों की प्राथमिक जिम्मेदारी है तथा निर्वाचन आयोग के निर्देशों का पालन सुनिश्चित किया जाए।


