एआई तकनीक से बदलेगी प्लेसमेंट और कैंपस की तस्वीर, कुटिक द्वारा ‘सिन्कअप’ प्लेटफॉर्म का सफल प्रदर्शन
कुरुक्षेत्र /14 जुलाई 2026 /अटल हिन्द /शशि अरोड़ा
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा के मार्गदर्शन में प्रौद्योगिकी ऊष्मायन केन्द्र (केयूटीआईसी) द्वारा डीन बिल्डिंग के कमेटी रूम में मंगलवार को एआई आधारित स्टार्टअप सिन्कअप ने अपने अत्याधुनिक करियर एवं प्लेसमेंट प्रबंधन प्लेटफॉर्म का प्रभावशाली लाइव प्रदर्शन किया। कार्यक्रम में प्रोफेसर अनीता दुआ, प्रो. सिद्धार्थ भारद्वाज, डॉ महेंद्र सिंह, डॉ निखिल मारीवाला, डॉ प्रियंका जांगड़ा, डॉ. सुनील ढींगरा, डॉ कृष्ण गोपाल, डॉ रोमा सिंह, डॉ वंदना भांकर, डॉ अर्चित, डॉ उत्कर्ष, मनोज शर्मा आदि ने कुटिक द्वारा विकसित प्लेटफॉर्म की कार्यप्रणाली का अवलोकन किया। यह विद्यार्थियों की करियर तैयारी और विश्वविद्यालय की प्लेसमेंट प्रणाली को सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है।
केयूटीआईसी के समन्वयक लेफ्टिनेंट (डॉ.) अजय जांगड़ा के संयोजन में आयोजित इस कार्यक्रम में स्टार्टअप टीम ने बताया कि सिन्कअप एक एआई-संचालित समग्र डिजिटल प्लेटफॉर्म है, जिसका उद्देश्य विद्यार्थियों, विश्वविद्यालयों और उद्योग जगत के बीच बेहतर समन्वय स्थापित करना है।
यह मंच न केवल प्लेसमेंट सेल के प्रशासनिक कार्यों को सरल बनाता है, बल्कि विद्यार्थियों को उनकी रुचि, योग्यता और लक्ष्य के अनुरूप करियर मार्गदर्शन भी प्रदान करता है। डॉ. अजय जांगड़ा ने कहा कि कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय नवाचार, स्टार्टअप संस्कृति और उद्योग-अकादमिक सहयोग को बढ़ावा देने के लिए निरंतर प्रयासरत है।
प्रदर्शन के दौरान स्टार्टअप के फाउंडर इंजीनियर नवजोत, इंजीनियर मधुसूदन, विपिन, अर्पित, पौरुष ने मॉड्यूल ‘प्लेसप्रो’ को प्रस्तुत किया गया, जो संस्थानों के लिए एंड-टू-एंड प्लेसमेंट मैनेजमेंट सिस्टम के रूप में कार्य करता है। इसके माध्यम से प्लेसमेंट ड्राइव का संचालन, पात्रता जांच, छात्र आवेदन, इंटरव्यू चरणों की निगरानी, कंपनियों के साथ संवाद तथा रिपोर्ट तैयार करने जैसे सभी कार्य एक ही प्लेटफॉर्म पर किए जा सकते हैं।
इससे प्लेसमेंट सेल की कार्यक्षमता में उल्लेखनीय वृद्धि होने की संभावना है। कार्यक्रम का विशेष आकर्षण ‘अर्का’ एआई एजेंट रहा, जिसे प्लेसमेंट अधिकारियों और विभागाध्यक्षों के लिए एक बुद्धिमान डिजिटल सहायक के रूप में विकसित किया गया है। यह प्रणाली केवल एक प्रश्न के आधार पर प्लेसमेंट प्रतिशत, शाखावार प्रदर्शन, सक्रिय भर्ती प्रक्रियाओं और विद्यार्थियों की स्थिति जैसी महत्वपूर्ण जानकारियां उपलब्ध करा सकती है। साथ ही यह भर्ती से संबंधित नोटिस, ई-मेल, रिपोर्ट और एनएएसी-एनबीए दस्तावेजों के प्रारूप भी स्वतः तैयार करने में सक्षम है।
स्टार्टअप ने ‘करियर पाथवे’ नामक फीचर का भी प्रदर्शन किया, जो विद्यार्थियों के बायोडाटा और लक्षित कंपनी की आवश्यकताओं का विश्लेषण कर व्यक्तिगत प्रशिक्षण योजना तैयार करता है। यह प्रणाली कौशल अंतराल की पहचान कर विद्यार्थियों को चरणबद्ध तैयारी, मॉक टेस्ट और सीखने की सामग्री उपलब्ध कराती है। विद्यार्थियों के प्रदर्शन के आधार पर यह योजना स्वतः अपडेट होती रहती है, जिससे उनकी तैयारी अधिक प्रभावी बनती है।
इसके अतिरिक्त ‘एलुमनाई कनेक्ट’ प्लेटफॉर्म के माध्यम से वर्तमान विद्यार्थियों को विश्वविद्यालय के पूर्व छात्रों से जोड़ने की व्यवस्था दिखाई गई। यह मंच विद्यार्थियों को मेंटरशिप, करियर मार्गदर्शन, इंटरव्यू अनुभव, कार्यशालाओं और रेफरल अवसरों तक पहुंच प्रदान करेगा। वहीं ‘सीवी स्टूडियो’ विद्यार्थियों को एआई की सहायता से बेहतर बायोडाटा तैयार करने, जॉब प्रोफाइल के अनुरूप उसे संशोधित करने तथा कवर लेटर बनाने की सुविधा उपलब्ध कराएगा।
विद्यार्थियों के लिए विकसित अर्काएआई करियर पार्टनर’ चौबीसों घंटे उपलब्ध रहेगा और यह करियर संबंधी प्रश्नों, तकनीकी विषयों, इंटरव्यू तैयारी, कौशल विकास और रोजगार अवसरों के बारे में व्यक्तिगत मार्गदर्शन प्रदान करेगा।
इसके साथ ही शीघ्र ही ‘सेमेस्टर प्लानर’ और ‘एआई नेविगेटर’ जैसे नए फीचर भी प्लेटफॉर्म में जोड़े जाएंगे। कार्यक्रम में उपस्थित शिक्षकों और अधिकारियों ने इस प्लेटफॉर्म को उच्च शिक्षा संस्थानों में प्लेसमेंट प्रबंधन और विद्यार्थियों की करियर तैयारी को नई दिशा देने वाला नवाचार बताया। उन्होंने कहा कि कृत्रिम बुद्धिमत्ता आधारित ऐसे समाधान विद्यार्थियों को रोजगार बाजार की बदलती मांगों के अनुरूप तैयार करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे।

