निकाय चुनाव के सकल्प पत्र में फिर से संकल्प के बुलबुले छोड़े : पर्ल चौधरी
भाजपा पार्टी द्वारा जारी किए गए संकल्प पत्र पर कांग्रेस का तीखा हमला
भाजपा का संकल्प पत्र नहीं, सात नगर निगमों की नाकामी छुपाने का चुनावी पर्चा
नायब सैनी भाजपा वाले नगर निगमों में पहले पिंक टॉयलेट दिखाएं
“जनता भाजपा के उबाऊ भाषणों से ऊब चुकी, कांग्रेस उम्मीदवारों की जीत तय”
गुरुग्राम /29 अप्रैल /फतह सिंह उजाला
हरियाणा प्रदेश महिला कांग्रेस की अध्यक्ष पर्ल चौधरी ने पंचकूला, सोनीपत और अंबाला नगर निगम चुनावों के लिए भारतीय जनता पार्टी द्वारा जारी किए गए संकल्प पत्र पर तीखा हमला बोलते हुए कहा कि यह विकास का दस्तावेज नहीं, बल्कि भाजपा की सात नगर निगमों में बैठी अपनी सरकारों की नाकामी छुपाने का चुनावी पर्चा है।
पर्ल चौधरी ने कहा कि हरियाणा में कुल 11 नगर निगम हैं। इनमें से 3 पर इस समय चुनाव हो रहे हैं और 1 नगर निगम में भाजपा समर्थित मेयर पहले से मौजूद है। यानी 7 नगर निगमों में भाजपा प्रत्यक्ष रूप से सत्ता पर बैठी है। ऐसे में भाजपा ने पंचकूला, सोनीपत और अंबाला के लिए जिन-जिन सुविधाओं, सफाई, महिला सुरक्षा, ऑनलाइन शिकायत समाधान, पिंक टॉयलेट, टैक्स राहत, पार्किंग, पेयजल और सीवरेज सुधार के वादों की लंबी सूची जारी की है,
हरियाणा की जनता मुख्यमंत्री नायब सिंह सैनी से केवल एक सवाल पूछ रही है— जो काम आज संकल्प पत्र में लिख रहे हैं, उनमें से कितने काम आपने अपने कब्जे वाले सात नगर निगमों में किए ? उन्होंने कहा कि भाजपा के संकल्प पत्र की हर पंक्ति उसकी पिछली विफलता की गवाही दे रही है। यदि सफाई थी तो फिर सफाई का वादा क्यों?
यदि सीवरेज दुरुस्त था तो फिर सीवरेज सुधार क्यों? यदि महिलाओं के लिए सुविधाएं थीं तो फिर पिंक टॉयलेट का चुनावी शिगूफा क्यों?
यदि नगर निगम पारदर्शी थे तो फिर ऑनलाइन शिकायत निस्तारण की बात अब क्यों?
महिलाओं के नाम पर भाजपा की भावनात्मक राजनीति
पर्ल चौधरी ने कहा कि भाजपा महिलाओं के नाम पर फिर से भावनात्मक राजनीति कर रही है। क्योंकि नारी शक्ति वंदन अधिनियम 2023 में देश की महिलाओं के साथ किए गए छल का सच अब जनता समझ चुकी है। महिला आरक्षण के नाम पर ताली बजवाई गई, लेकिन लागू करने के नाम पर जनगणना और परिसीमन की लंबी सुरंग में महिलाओं के अधिकार को डाल दिया गया। अब उसी राजनीतिक धोखे को छुपाने के लिए भाजपा पिंक टॉयलेट जैसे दिखावटी वादों का सहारा ले रही है।
भाजपा ने गुरुग्राम में कितने पिंक टॉयलेट बनाए
उन्होंने मुख्यमंत्री नायब सैनी को खुली चुनौती देते हुए कहा— “जब अगली बार मुख्यमंत्री गुरुग्राम या फरीदाबाद जाएं तो मुझे साथ लेकर चलें और जनता को दिखाएं कि भाजपा ने वहां कितने पिंक टॉयलेट बनाए? कितने महिला सुविधा केंद्र बनाए?
कितनी बाजारों में सुरक्षित महिला शौचालय व्यवस्था दी? अगर जमीन पर कुछ नहीं है तो चुनावी मंच से महिलाओं के नाम पर झूठे सपने क्यों बेचे जा रहे हैं?”
25 प्रतिशत प्रॉपर्टी टैक्स छूट, चुनावी जमला
पर्ल चौधरी ने कहा कि महिलाओं के नाम संपत्ति होने पर 25 प्रतिशत प्रॉपर्टी टैक्स छूट का वादा भी भाजपा का एक और चुनावी छलावा है। उन्होंने कहा कि हरियाणा में पिछले 12 वर्षों से मनोहर लाल खट्टर और अब नायब सैनी सरकार ने प्रॉपर्टी आईडी के नाम पर ऐसा भ्रष्टाचार खड़ा किया है कि आम नागरिक अपने ही घर की पहचान साबित करने के लिए दफ्तर-दफ्तर धक्के खा रहा है।
गलत टैक्स, फर्जी बकाया, रिकॉर्ड गड़बड़ी, पोर्टल की खराबी, अधिकारियों की मनमानी और रिश्वतखोरी से जनता त्रस्त है। ऐसे में भाजपा महिलाओं को 25 प्रतिशत छूट देने की बात कर रही है, जबकि अधिकारी वर्ग उससे कहीं ज्यादा अवैध वसूली कर रहा है।
“भाजपा छूट कम, लूट ज्यादा दे रही है”
पर्ल चौधरी ने कहा— “भाजपा छूट कम, लूट ज्यादा दे रही है। पहले प्रॉपर्टी आईडी का भ्रष्टाचार खत्म करें, फिर टैक्स राहत की बात करें।” उन्होंने कहा कि भाजपा के प्रचारक, भाषण और संकल्प पत्र अब जनता को आकर्षित नहीं करते, बल्कि ऊबा चुके हैं। पिछले दस वर्षों में वादे बहुत हुए, लेकिन शहरों की तस्वीर नहीं बदली। इसलिए इस बार नगर निगम चुनावों में जनता बदलाव के मूड में है और कांग्रेस पार्टी के प्रति स्पष्ट समर्थन दिखाई दे रहा है।
भाजपा का संकल्प पत्र नहीं, कांग्रेस का भरोसा जीतेगा
उन्होंने विश्वास जताया कि—पंचकूला से कांग्रेस की मेयर प्रत्याशी सुधा भारद्वाज, अंबाला से कांग्रेस की मेयर प्रत्याशी कुलविंदर कौर सैनी, सोनीपत से कांग्रेस की मेयर प्रत्याशी कमल दीवान, रेवाड़ी से कांग्रेस अध्यक्ष पद की प्रत्याशी निहारिका, धारूहेड़ा से कांग्रेस अध्यक्ष पद के प्रत्याशी श्रीमती राज यादव निश्चित तौर पर विजय हासिल करेंगे, क्योंकि इन क्षेत्रों की जनता भाजपा के उबाऊ संकल्प पत्रों, घिसे-पिटे भाषणों और बाहरी प्रचारकों से पूरी तरह ऊब चुकी है और अब अपने शहरों के बेहतर भविष्य, पारदर्शी प्रशासन और वास्तविक विकास के लिए कांग्रेस पार्टी के हाथ को मजबूत करने का मन बना चुकी है। अंत में पर्ल चौधरी ने कहा “इस बार चुनावी पोस्टर नहीं, जनता का गुस्सा बोलेगा… और भाजपा का संकल्प पत्र नहीं, कांग्रेस का भरोसा जीतेगा।”
Add A Comment


