जनसंचार, मीडिया, एनीमेशन एवं पैकेजिंग तकनीक के क्षेत्र में करियर बनाने का सुनहरा अवसरः प्रो. महासिंह पूनिया
कुवि के जनसंचार एवं मीडिया प्रौद्योगिकी संस्थान में प्रवेश शुरू, 15 जून तक कर सकते हैं ऑनलाइन आवेदन
कुरुक्षेत्र /09 जून / अटल हिन्द ब्यूरो / शशि अरोड़ा
कुरुक्षेत्र विश्वविद्यालय के कुलगुरु प्रो. सोमनाथ सचदेवा के मार्गदर्शन में जनसंचार एवं मीडिया प्रौद्योगिकी संस्थान द्वारा शैक्षणिक सत्र 2026-27 के लिए विभिन्न स्नातकोत्तर पाठ्यक्रमों में प्रवेश प्रक्रिया शुरू कर जा चुकी है।
आनलाइन आवेदन करने की अंतिम तिथि 15 जून निर्धारित की गई है। मीडिया संस्थान के निदेशक प्रो. महासिंह पूनिया ने बताया कि संस्थान पत्रकारिता, जनसंचार, डिजिटल मीडिया, एनीमेशन, ग्राफिक डिजाइन तथा प्रिंटिंग एवं पैकेजिंग तकनीक जैसे तेजी से विकसित हो रहे क्षेत्रों में गुणवत्तापूर्ण एवं रोजगारोन्मुखी शिक्षा प्रदान कर रहा है। राष्ट्रीय शिक्षा नीति (एनईपी-2020) के अनुरूप संस्थान में दो वर्षीय तथा एक वर्षीय स्नातकोत्तर कार्यक्रम संचालित किए जा रहे हैं।
प्रो. महासिंह पूनिया ने बताया कि मीडिया और संचार उद्योग में बढ़ती संभावनाओं को देखते हुए विद्यार्थियों के लिए अत्याधुनिक सुविधाओं, अनुभवी शिक्षकों तथा व्यावहारिक प्रशिक्षण की व्यवस्था की गई है।
संस्थान में अध्ययनरत विद्यार्थियों को समाचार लेखन, डिजिटल पत्रकारिता, रेडियो एवं टेलीविजन प्रोडक्शन, सोशल मीडिया प्रबंधन, फिल्म निर्माण, ग्राफिक डिजाइन, एनीमेशन, पॉडकास्ट, केयूके न्यूज, मीडिया चौपाल, पैकेजिंग डिजाइन और कॉर्पाेरेट कम्युनिकेशन जैसे क्षेत्रों में विशेषज्ञता प्राप्त करने का अवसर मिलता है।
एम.ए. जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन में 30 सीटें
प्रो. महासिंह पूनिया ने बताया कि संस्थान में संचालित दो वर्षीय एम.ए. जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन पाठ्यक्रम में प्रवेश के लिए किसी भी विषय में स्नातक डिग्री के साथ न्यूनतम 50 प्रतिशत अंक आवश्यक हैं।
राष्ट्रीय शिक्षा नीति के तहत संचालित एक वर्षीय एम.ए. जर्नलिज्म एंड मास कम्युनिकेशन कार्यक्रम में 9 सीटें निर्धारित की गई हैं। इसमें प्रवेश के लिए पत्रकारिता एवं जनसंचार अथवा संबंधित विषय में चार वर्षीय ऑनर्स/ऑनर्स विद रिसर्च डिग्री या संबंधित विषय में एक वर्षीय पीजी डिप्लोमा आवश्यक है।
एमएससी. मास कम्युनिकेशन में आधुनिक मीडिया शिक्षा
प्रो. महासिंह पूनिया ने बताया कि दो वर्षीय एम.एससी. मास कम्युनिकेशन कार्यक्रम में 15 सीटें निर्धारित हैं तथा 11 सुपरन्यूमेरी सीटें उपलब्ध हैं। इसके लिए किसी भी विषय में स्नातक डिग्री के साथ न्यूनतम 50 प्रतिशत अंक आवश्यक हैं।
यह पाठ्यक्रम मीडिया अनुसंधान, डिजिटल कम्युनिकेशन, मीडिया प्रबंधन, कंटेंट प्रोडक्शन और नई मीडिया तकनीकों पर केंद्रित है। वहीं एक वर्षीय एम.एससी. मास कम्युनिकेशन कार्यक्रम में 10 सीटें उपलब्ध हैं।
यह कार्यक्रम विशेष रूप से उन विद्यार्थियों के लिए तैयार किया गया है जिन्होंने संबंधित विषय में चार वर्षीय स्नातक डिग्री या पीजी डिप्लोमा किया है और मीडिया क्षेत्र में उच्च स्तरीय विशेषज्ञता प्राप्त करना चाहते हैं।
एनीमेशन और मल्टीमीडिया उद्योग के लिए विशेष पाठ्यक्रम
डिजिटल मनोरंजन, गेमिंग और क्रिएटिव मीडिया उद्योग में बढ़ती मांग को देखते हुए संस्थान एम.एससी. ग्राफिक्स, एनीमेशन एंड मल्टीमीडिया कार्यक्रम संचालित कर रहा है। दो वर्षीय कार्यक्रम में 15 नियमित और 11 सुपरन्यूमरेरी सीटें उपलब्ध हैं।
इसके लिए किसी भी विषय में स्नातक डिग्री के साथ 50 प्रतिशत अंक आवश्यक हैं। इसके अतिरिक्त एक वर्षीय कार्यक्रम में 3 सीटें निर्धारित की गई हैं। इसमें प्रवेश के लिए मल्टीमीडिया, ग्राफिक्स, एनीमेशन, यूआई डिजाइन, विजुअल इफेक्ट्स अथवा संबंधित विषय में चार वर्षीय डिग्री या संबंधित पीजी डिप्लोमा आवश्यक है।
प्रिंटिंग एवं पैकेजिंग तकनीक में विशेषज्ञ बनने का अवसर
उद्योग जगत की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए संस्थान एम.एससी. प्रिंटिंग, ग्राफिक्स एंड पैकेजिंग टेक्नोलॉजी कार्यक्रम भी संचालित कर रहा है। दो वर्षीय कार्यक्रम में 15 सीटें तथा 11 सुपरन्यूमरेरी सीटें उपलब्ध हैं।
यह पाठ्यक्रम आधुनिक प्रिंटिंग तकनीक, पैकेजिंग डिजाइन, ग्राफिक कम्युनिकेशन तथा उत्पादन प्रबंधन से संबंधित व्यावहारिक एवं तकनीकी ज्ञान प्रदान करता है। एक वर्षीय कार्यक्रम में 12 सीटें निर्धारित हैं।
इसमें प्रवेश के लिए प्रिंटिंग एवं पैकेजिंग टेक्नोलॉजी, कंप्यूटर साइंस, कंप्यूटर एप्लीकेशन, मल्टीमीडिया, ग्राफिक्स एवं एनीमेशन जैसे विषयों में चार वर्षीय डिग्री या संबंधित पीजी डिप्लोमा होना आवश्यक है।
आधुनिक सुविधाओं से सुसज्जित है संस्थान
जनसंचार एवं मीडिया प्रौद्योगिकी संस्थान में विद्यार्थियों को अत्याधुनिक मल्टीमीडिया स्टूडियो, मीडिया लैब, टीवी स्टूडियो, रेडियो स्टूडियो, कंप्यूटर लैब, ग्राफिक डिजाइन एवं एनीमेशन प्रयोगशालाएं,
डिजिटल एडिटिंग सुविधाएं तथा प्रिंटिंग एवं पैकेजिंग तकनीक से संबंधित आधुनिक संसाधन उपलब्ध कराए जाते हैं। संस्थान में विद्यार्थियों को सिद्धांत के साथ-साथ व्यावहारिक प्रशिक्षण भी दिया जाता है ताकि वे उद्योग की आवश्यकताओं के अनुरूप स्वयं को तैयार कर सकें।
रोजगार और उद्यमिता की अपार संभावनाएं
प्रो. महासिंह पूनिया ने बताया कि संस्थान के विद्यार्थियों की लगभग 100 प्रतिशत प्लेसमेंट होती है। संस्थान के विद्यार्थियों की प्लेसमेंट राष्ट्रीय मीडिया हाउसों के साथ सूचना, जनसंपर्क एवं भाषा विभाग हरियाणा सरकार और सूचना और प्रसारण मंत्रालय, भारत सरकार में होती हैं।
इन पाठ्यक्रमों के माध्यम से विद्यार्थी पत्रकारिता, समाचार पत्र, टीवी चैनल, डिजिटल मीडिया प्लेटफॉर्म, विज्ञापन एजेंसियों, जनसंपर्क संस्थानों, फिल्म एवं वीडियो प्रोडक्शन हाउस, ग्राफिक डिजाइन कंपनियों, एनीमेशन स्टूडियो, पैकेजिंग उद्योग तथा कॉर्पाेरेट संचार क्षेत्र में रोजगार प्राप्त कर सकते हैं।
इसके साथ ही विद्यार्थी मीडिया शिक्षक, राज्य सरकार में जनसंपर्क अधिकारी, विश्वविद्यालयों में जनसंपर्क अधिकारी, केंद्र सरकार में सूचना अधिकारी, विभिन्न मल्टीनेशनल कंपनियों में पब्लिक रिलेशन एक्सपर्ट, राजनीतिक पार्टियों के मीडिया सलाहकार, मीडिया मैनेजमेंट एक्सपर्ट, कंटेंट मीडिया एक्सपर्ट के साथ स्वतंत्र रूप से सफलतम यूट्यूबर बन सकता है।
साथ ही स्वतंत्र मीडिया उद्यमिता और डिजिटल कंटेंट निर्माण के क्षेत्र में भी अपना करियर विकसित कर सकते हैं। जनसंचार एवं मीडिया प्रौद्योगिकी संस्थान आधुनिक मीडिया शिक्षा और तकनीकी प्रशिक्षण के माध्यम से विद्यार्थियों को वैश्विक स्तर की प्रतिस्पर्धा के लिए तैयार कर रहा है। उन्होंने बताया कि प्रवेश संबंधी विस्तृत जानकारी विश्वविद्यालय की प्रवेश पुस्तिका तथा आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध है।


